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सड़क कब्जाएंगे अगर शिकायत की तो मार लगाएंगे

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बरेली। एयरफोर्स एरिया के सामने नहर की जमीन पर कुर्मांचल नगर के एक ऐसे अनधिकृत कॉलोनाइजर जिनका रेरा में पंजीकरण तक नहीं है, उसने नहर की जमीन पर दर्जनों मकान बनवाकर बेच दिए। जमीन नहर की है इसलिए जाहिर है कि बीडीए से नक्शा भी पास नहीं हुआ है। बीडीए इंजीनियरों की मेहरबानी इस कदर है कि कॉलोनाइजर का अवैध कारोबार अब भी चल रहा है। हाल ही में कॉलोनाइजर ने सन सिटी और नार्थ सिटी के बीच रोड की 20 फुट जमीन पर कब्जा करके बगैर नक्शा पास कराए निर्माण शुरू कर दिया। बैंक के एक रिटायर्ड अफसर ने इस अवैध निर्माण की शिकायत बीडीए में की तो कॉलोनाइजर ने कुछ अराजकतत्वों के साथ उनके घर पहुंचकर पूरे परिवार को धमका दिया। इस घटना के बाद बैंक अफसर का परिवार दहशत में है।
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त्रिशूल एयरपोर्ट के सामने बड़ी संख्या में अवैध निर्माण पहले ही हो चुके हैं, अब भी लगातार हो रहे हैं। नार्थ सिटी में रहने वाले एक रिटायर्ड बैंक अफसर के मुताबिक उनकी और आसपास की कॉलोनियों में कुछ अवैध कॉलोनाइजर दूसरे के नाम से जमीनें खरीदने के बाद उस पर मकान बनवाकर बेच रहे हैं। ये कॉलोनाइजर न खुद रेरा में पंजीकृत हैं न मकान या दुकानों का बीडीए से नक्शा पास कराते हैं। इन्हीं कॉलोनाइजरों ने सिंचाई विभाग की नहर की जमीन पर भी अनधिकृत कब्जा कर मकान और दुकानें बनवाकर बेच दी और अब सनसिटी और नार्थ सिटी के बीच रोड की 20 फुट जमीन दबाकर मकान बिना नक्शा पास कराए बनवा रहे हैं। जब कॉलोनी के लोगों की ओर से बीडीए अफसरों से शिकायत की गई तो वहां से जेई और कुछ अन्य स्टाफ के लोग निर्माण रुकवाने के नाम पर गए। कॉलोनी के लोगों का कहना है कि बीडीए इंजीनियर कालोनाइजर से कह आए कि उनको अवैध निर्माण से कोई दिक्कत नहीं है। मगर कॉलोनी वाले शिकायत कर देते हैं तो आना पड़ता है। कॉलोनाइजर को सलाह दी कि जल्दी दीवार उठाकर लिंटर डलवा दो, फिर कोई मुश्किल नहीं रहेगी। कॉलोनी के रिटायर्ड बुजुर्गोँ का कहना है कि अगर बीडीए के इंजीनियर यह सब करेंगे तो वह कहां शिकायत करें। बीडीए इंजीनियरों के इस रवैये से रिटायर्ड अधिकारी और कर्मचारी काफी निराश हैं।

अफसर माने बैठें हैं कि अवैध निर्माण नहीं रुकने वाले
बीडीए एक्सईएन मोहन लाल का कहना है कि अवैध निर्माण पहले भी होते रहे हैं और आगे भी होते रहेंगे। जब लखनऊ, कानपुर जैसे बड़े शहरों में अवैध निर्माण नहीं रुक रहे तो बरेली में कहां रुक पाएंगे। एक्सईएन का कहना है कि जब अवैध निर्माण तो हर तरफ हो रहे हैं, उनको कहां तक रोका जाए। अकेले एक्सईएन ही नहीं बीडीए के जेई और एई भी यही मानकर बैठे हैं कि अवैध निर्माण किसी हाल में नहीं रुक सकते।
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चुनाव की व्यस्तता खत्म हो गई है। अब शहर में जिस एरिया में भी अवैध निर्माण हो रहे हैं, उनका चिन्हांकन कराकर प्राधिकरण नियमों के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। - दिव्या मित्तल, उपाध्यक्ष बीडीए
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