खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) ने पिछले दिनों व्यापारियों के साथ बैठक कर आग्रह किया था कि खेसारी और अन्य प्रतिबंधित दालों व खाद्य सामग्री का कारोबार न होने दें न ही इसकी बिक्री करें। इसके बाद विभागीय टीम ने तीन स्थानों पर छापा मार कार्रवाई कर 292 किलो खेसारी दाल पकड़ी। टीम ने नमूने लेकर इसे सीज कर दिया है। इस कार्रवाई से दाल उत्पादकों में हड़कंप है।
खेसारी दाल चने की दाल जैसी दिखती है। कारोबारी इसका बेसन बनाकर बाजार में बेच देते हैं। एफएसडीए अफसरों के मुताबिक यह दाल और उसका बेसन खाने योग्य नहीं है। इसलिए इसे प्रतिबंधित श्रेणी में रखा गया है। इसके तहत ही विभाग ने कारोबारियों को आगाह किया था, लेकिन उन्होंने अनसुना कर दिया।
शुक्रवार दोपहर एफएसडीए की टीम ने कालीबाड़ी स्थित पुष्करमल प्रतिष्ठान पर छापामार कार्रवाई की। मौके पर 155 किलो खेसारी दाल मिली। टीम ने कारोबारी से इसकी पूछताछ की, लेकिन सही जवाब नहीं मिला। इसके बाद टीम बल्लिया पहुुंची और साप्ताहिक बाजार में रजत जायसवाल की आढ़त से करीब 12 किलो खेसारी दाल बरामद कर सीज कर दी। नवाबगंज स्थित रिछौला बाजार से सवा सौ किलो खेसारी दाल पकड़ी गई, इसी बाजार में एक दूध का नमूना भी लिया गया। ग्रीन पार्क कॉलोनी गेट पर एक डेयरी से दूध का नमूना लेकर परीक्षण के लिए भेजा गया। शुक्रवार को छापामार कार्रवाई अभिहीत अधिकारी धर्मराज मिश्रा के निर्देशन में हुई। मिश्रा ने बताया कि सभी नमूने लेकर जांच को भेज दिए गए हैं। रिपोर्ट आने पर समुचित कार्रवाई होगी।