बरेली। विधानसभा चुनाव के बाद अब लोकसभा चुनाव की मतणना भी शाहजहांपुर रोड पर नरियावल मंडी के बजाय दिल्ली रोड पर परसाखेड़ा इंडस्ट्रियल एरिया में होगी। नरियावल मंडी में ईवीएम और वीवीपैट मशीनों को स्टोर करके लिए सुरक्षित स्थान की कमी देखते हुए यह फैसला लिया गया है। जिला प्रशासन के प्रस्ताव पर निर्वाचन आयोग ने भी मोहर लगा दी है। हालांकि ईवीएम मशीनों के साथ बूथों पर पोलिंग पार्टिंयों की रवानगी नरियावल से ही होगी, लेकिन मतगणना के लिए मशीनों को परसाखेड़ा के एसडब्ल्यूसी के गोदाम में रखा जाएगा। बुधवार को डीएम ने अधिकारियों के साथ परसाखेड़ा पहुंचकर यहां हो रहे इंतजाम का जायजा भी लिया।
प्रशासन की इससे पहले मतदान कर्मियों को रवाना करने के साथ मतगणना भी नरियावल मंडी में ही कराने की योजना थी। इसके लिए ईवीएम और वीवीपैट मशीनों को नरियावल में रखने की व्यवस्था बनाई जा रही थी। मगर नरियावल मंडी में सुरक्षित जगह की कमी के चलते 3427 ईवीएम और वीवीपैट मशीनों को रखने में दिक्कत पैदा होने लगी। अधिकारियों ने यह भी सोचा था कि इन मशीनों को तीन-तीन खाने की रैक बनाकर स्टोर कर लिया जाए लेकिन आयोग ने यह प्रतिबंध लगा दिया कि अधिकतम दो खाने वाली रैक का ही इस्तेमाल किया जाए। इसके बाद सारी मशीनों को नरियावल में स्टोर करने की संभावनाएं खत्म हो गईं। इसके बाद प्रशासन ने मतगणना स्थल नरियावल के बजाय परसाखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र में रखने का प्रस्ताव निर्वाचन आयोग को भेजा। अधिकारियों का कहना है कि ईवीएम और वीवीपैट मशीनों को पोलिंग पार्टियों के साथ नरियावल मंडी से ही मतदान केंद्रों के लिए भेजा जाएगा लेकिन मतदान के बाद उन्हें परसाखेड़ा में रखा जाएगा और काउंटिंग भी यहीं होगी। डीएम वीरेंद्र कुमार सिंह, एडीएम प्रशासन रामसेवक द्विवेदी, पीडब्ल्यूडी एक्सईएन हरबंश सहित कई अधिकारियों ने बुधवार को परसाखेड़ा पहुंचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और जरूरी दिशा-निर्देश भी दिए।