बरेली। इस्लाम से खारिज करने का फतवा और चोटी काटने की धमकी के मामले में धाराएं बदल देने के मामले में निदा खान शुक्रवार को एडीजी से भी मिलीं। उन्होंने बताया कि उनके आग्रह पर एडीजी ने इस मामले में दुबारा जांच कराने का आश्वासन दिया है।
निदा ने एडीजी को दिए प्रार्थनापत्र में कहा कि चार्जशीट में पुलिस ने आरोपियों पर रियायत की है। अभियुक्तों ने समाज को तोड़ने और धार्मिक भावनाएं भड़काने का काम किया है, फिर भी पुलिस ने खानापूरी करते हुए साक्ष्यों को नजरंदाज कर मामूली धाराओं में आरोप पत्र लगा दिया है। बाकी की धाराएं आरोपियों से मिलकर हटा दी गईं हैं। निदा ने विवेचना किसी निष्पक्ष जांच एजेंसी से कराने की बात कही।