बरेली। बरेली कॉलेज मैनेजमेंट विवाद में मंगलवार को हाईकोर्ट में सुनवाई होगी, इसमें विश्वविद्यालय भी मजबूती से अपना पक्ष रखेगा। इससे पहले 21 फरवरी को सुनवाई होनी थी, लेकिन केस का नंबर नहीं आ सका। कोर्ट में प्रशासन और राज्य सरकार को भी अपना पक्ष रखना है। मैनेजमेंट से लेकर विश्वविद्यालय और प्रशासन सभी की निगाहें मंगलवार को होने वाली सुनवाई पर टिकी हैं।
बरेली कॉलेज मैनेजमेंट विवाद में कमिश्नर ने अंतरिम सचिव बैठा दिया था। इसके बाद मैनेजमेंट ने कोर्ट से स्टे ले लिया। मामले में 21 फरवरी को सुनवाई थी, लेकिन केस का नंबर नहीं आया। उसी दिन सहायक रजिस्ट्रार चिट फंड सोसायटी ने बरेली कॉलेज बोर्ड ऑफ कंट्रोल के अधिकार सीज कर दिए। बैंक खातों के संचालन पर भी रोक लगा दी। अब सभी की निगाहें मंगलवार की सुनवाई पर टिकी हैं। अभी तक विश्वविद्यालय ने अपना जवाब कोर्ट में दाखिल नहीं किया है। बताया जा रहा है कि मंगलवार को विश्वविद्यालय अपना जवाब दाखिल कर देगा। मामले में कुछ भी निर्णय हो सकता है। वहीं विश्वविद्यालय अपना वकील भी बदलने की तैयारी में है। मैनेजमेंट के लोगों को केस संबंधी सारी जानकारी देना इसकी वजह बताई जा रही है। विश्वविद्यालय के प्रोफेसर एके जेटली के अनुसार वकील बदलने पर विचार चल रहा है। मंगलवार की सुनवाई के बाद कोई निर्णय लिया जाएगा।