बरेली। एसडीएम न्यायालय ने 30 जून को आदेश जारी कर अनुसूचित जाति की भूमि के 17 बैनामों को निरस्त करते हुए एक करोड़ से अधिक की सरकारी भूमि खाली कराई है। 2069.31 वर्गमीटर भूमि को सरकारी खाते में दर्ज कराया गया।
न्यायालय के आदेश के अनुसार, ग्राम मानपुर चिकटिया में 1.0520 हेक्टेयर में से संबंधित भूमि का विक्रय अनुसूचित जाति के विक्रेताओं यशपाल, चूरी लाल व वीरेंद्र कुमार ने विभिन्न गैर अनुसूचित जाति के लोगों को वर्ष 2018 से 2025 के बीच किया। दीपक कुमार, सरूद्दीन, विशाल श्रीवास्तव, प्रियंका श्रीवास्तव, दीक्षा राघव, मंजू ठाकुर, गायत्री सिंह, बार नरसिंह दास, नन्हीं, मुलो देवी, पंकज चौधरी, राम कश्यप, शमशाद खान, मुन्नी देवी, होशियार सिंह आदि क्रेताओं ने इसके लिए जिलाधिकारी से अनुमति नहीं ली।
इसकी जानकारी होने पर एसडीएम सदर ने एक माह पहले धारा 98 के तहत मुकदमा दर्ज कर सुनवाई की। इसके बाद इन सभी बैनामों को उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता की धारा 104 के तहत अवैध एवं शून्य घोषित करते हुए धारा 105 के तहत भूमि को राज्य सरकार के नाम कर दिया। मामले में तहसीलदार सदर व पुलिस को संबंधित भूमि पर दर्ज खातेदारों को नियमानुसार बेदखल कर सरकारी कब्जा व दखल प्राप्त करने का आदेश दिया गया। एसडीएम प्रमोद कुमार ने बताया कि आदेश के बाद संबंधित भूमि का विक्रय प्रभावहीन हो गया है। उस भूमि पर राज्य सरकार का अधिकार माना जाएगा।