बरेली। निर्वाचन आयोग से निर्धारित 70 लाख से ज्यादा कोई भी उम्मीदवार खर्च न कर सके, इसके लिए टीमों को जिम्मेदारी सौंप दी गई है। उप जिला निर्वाचन अधिकारी रामसेवक द्विवेदी की अध्यक्षता की कलक्ट्रेट सभागार में वीडियो निगरानी टीम, वीडियो अवलोकन टीम, लेखा टीम और सहायक प्रेक्षकों को यह ट्रेनिंग दी गई है कि वे किस तरह से प्रत्याशियों के खर्च पर निगरानी रखें।
इस अवसर पर उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि वीडियो निगरानी टीम भ्रमण कर प्रत्याशियों द्वारा की जा रहीं जनसभाओं में प्रयुक्त कुर्सी, टेंट, वाहन, खाना आदि की कवरेज कर उनकी वीडियोग्राफी कराकर उसकी रिपोर्ट भी उपलब्ध कराएं। वीडियो निगरानी टीम को व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़ा भी जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि नामांकन के दिनों में भी वीडियोग्राफी कराई जाए। वीडियो निगरानी टीम को वाहन व सुरक्षाकर्मी भी मिलेगा। निगरानी टीम को परिचय पत्र भी दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रत्याशियों के नामांकन से पहले एक नया खाता खोला जाएगा। उसी खाते से ही चुनावी खर्च होना है। इस अवसर पर मुख्य कोषाधिकारी अनवर अहमद ने टीमों को विस्तार प्रशिक्षण दिया। उप जिला निर्वाचन अधिकारी/अपर जिला अधिकारी प्रशासन रामसेवक द्विवेदी ने सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ प्रचार सामग्रियों के रेट के विषय में बैठक कर चर्चा की। उन्होंने मुख्य कोषाधिकारी अनवर अहमद ने विस्तार से सभी प्रचार सामग्रियों के रेट प्रतिनिधियों को बताए। उनकी शंकाओं का समाधान भी किया। उन्होंने कहा कि 27 मार्च से पूर्व ही सभी प्रत्याशी अपना नया खाता खोल लें, क्योंकि निर्वाचन संबंधी सभी व्यय उसी खाते से किए जाएंगे।