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फंदे पर लटककर शिक्षक ने दे दी जान, पत्नी और सास को बताया जिम्मेदार

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बिसौली (बदायूं)। पत्नी की मनमानी और सास की दखलंदाजी और धमकी से परेशान एक शिक्षक ने अपने घर में फंदे पर लटककर जान दे दी। इससे पूर्व शिक्षक ने अपने कुछ मित्रों को व्हाट्सएप पर सुसाइड नोट भेजा, जिसे देखकर मित्रों ने परिजनों को सूचना दी, लेकिन जब तक परिवार वाले वहां पहुंच पाते, उससे पहले शिक्षक फंदे पर लटक गया।
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प्राथमिक विद्यालय रतनपुर में सहायक अध्यापक के पद पर तैनात अजय कुमार (28) पुत्र मेवाराम कस्बे में कृष्णा कॉलोनी निवासी था। करीब तीन साल पहले ही उसे अध्यापक की नौकरी मिली थी। उसके पिता बिसौली ब्लॉक में ग्राम पंचायत अधिकारी के पद से सेवानिवृत्त थे। अजय की शादी करीब एक साल पहले अनन्या उर्फ बेबी निवासी शक्तिनगर, जबलपुर (मध्य प्रदेश) से हुई थी। एक माह पहले अनन्या अपने मायके गई थी। आरोप है कि तभी से वह और उसकी मां श्यामवती अजय को नौकरी छोड़कर मध्यप्रदेश में रहने का दबाव बना रहीं थीं। शिक्षक से कहा था कि वह अपने परिवार वालों को छोड़ दे और शक्तिनगर में किसी कंपनी में ड्राइवर की नौकरी कर ले, लेकिन अजय ने उनकी बात नहीं मानी। आरोप है कि इस पर पत्नी और सास ने 50 लाख रुपये दहेज में मांगने का आरोप लगाकर रिपोर्ट दर्ज कराने की धमकी दी। इससे अजय परेशान चल रहा था।
बुधवार सुबह अजय ने सुसाइड नोट लिखकर अपने कुछ दोस्तों को व्हाट्सएप कर दिया। जैसे ही दोस्तों ने उसे देखा तो उन्होंने उसे फोन किया। बताते हैं कि शिक्षक का फोन नहीं उठने पर परिजनों को सूचना दी गई। उस दौरान परिवार वाले पैतृक गांव उघैती क्षेत्र के ग्राम सराह बरौलिया में थे। उन्होंने अजय को फोन मिलाया लेकिन उसका फोन रिसीव नहीं हुआ। इस पर सभी लोग तुरंत बिसौली पहुंचे, लेकिन तब तक अजय ने फंदे पर लटककर जान दे दी थी। आसपास के लोगों ने शिक्षक को नीचे उतार लिया और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां डॉक्टर ने भी उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया है।
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‘...तुम्हारे जैसी पत्नी और परिवार भगवान किसी को न दे’
बिसौली (बदायूं)। अधिकतर मामलों में मायके वालों का हस्तक्षेप दंपती के बीच खटास पैदा कर रहा है। ससुराल की बात मायके पहुंचती है और उसके बाद कहासुनी शुरू होती है। अजय और अनन्या के बीच भी कुछ ऐसे ही रिश्ते थे। अनन्या चाहती थी कि उसका पति उसके मायके में रहे। वहीं कोई नौकरी कर लें, जिससे अनन्या के परिवार वाले भी हमेशा साथ रहेंगे। इन बातों से अजय परेशान हो चुका था। अजय ने सुसाइड नोट में लिखा है कि उसकी पत्नी और सास ने उसे आत्महत्या के लिए मजबूर कर दिया। उससे नौकरी छोड़ने, परिवार छोड़ने तक को कहा गया। नहीं मानने पर उसे जेल भिजवाने की धमकी दी गई। कहा गया कि 50 लाख रुपये दहेज में मांगने की झूठी रिपोर्ट लिखाएंगे। अजय ने लिखा कि उसके मरने के बाद उसकी संपत्ति और नौकरी पर अनन्या का कोई हक नहीं होगा। उसने यह भी लिखा- ‘अनन्या चाहे कोई लड़का हमेशा कुंवारा रहे लेकिन तुम्हारे जैसी लड़की और परिवार भगवान किसी को न दे।’

ससुराल वालों को न दिखाएं चेहरा
अजय ने अपने सुसाइड नोट में डीएम से शव का पोस्टमार्टम न कराने की अपील की है। उसने अपने परिवार वालों से माफी मांगी है और कहा है कि उसके मरने के बाद ससुराल वालों और उसकी पत्नी को उसका चेहरा तक न दिखाया जाए। उसके शव का अंतिम संस्कार गांव सराह बरौलिया में ही किया जाए।

लिखित सुसाइड नोट नहीं मिला है। प्रथम दृष्टया आत्महत्या का मामला है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। अभी किसी की ओर से कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
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- जसवीर सिंह, प्रभारी निरीक्षक, बिसौली
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