बरेली। डीजीपी के आदेश पर अमल कराने के लिए रेंज में इंस्पेक्टरों के अनुमोदन का प्रक्रिया शुरू हो गई है। दो जिलों में सोलह इंस्पेक्टरों को चार्ज दिए जाने को डीआईजी से हरीझंडी मिल गई है। 47 उप निरीक्षकों को भी थानाध्यक्ष बनाए जाने के लिए अनुमोदन मिला है।
थानाध्यक्ष पद पर नियुक्त करने को अब तक सभी जिलों के कप्तानों को उप निरीक्षकों का डीआईजी से अनुमोदन कराना होता था, लेकिन इंस्पेक्टरों को अनुमोदन लेना होगा। हालांकि पहले इंस्पेक्टरों को अनुमोदन नहीं लेना होता था। बदायूं के एसएसपी ने एसओ के पद पर तैनाती के लिए 34 उप निरीक्षकों के नाम अनुमोदन को भेजे थे। इनमें से 26 का अनुमोदन डीआईजी ने कर दिया था। इसी तरह वहां से 16 इंस्पेक्टरों के नाम बदायूं से अनुमोदन के लिए आए थे। इनमें से आठ का अनुमोदन हो गया। शाहजहांपुर एसपी ने थानाध्यक्ष बनाए जाने के लिए 41 उप निरीक्षकों के नाम भेज थे। डीआईजी आशुतोष कुमार ने इनमें से 21 उप निरीक्षकों का अनुमोदन हो गया। वहां से 15 इंस्पेक्टरों के नाम अनुमोदन के लिए आए थे। इनमें से भी डीआईजी ने आठ को ही चार्ज के मानकों पर खरा उतरने पर अनुमोदन दे दिया। पीलीभीत और बरेली जिले में नए कप्तान आने की वजह से अभी अनुमोदन के लिए उप निरीक्षकों और इंस्पेक्टरों की सूची ही डीआईजी को नहीं मिली है।
जिले को तीन और इंस्पेक्टर मिले
-डीजीपी जावीद अहमद ने 1998 बैच के करीब 200 उप निरीक्षकों को इंस्पेक्टर के पद पर प्रमोशन दिया है। इनमें बरेली चुनाव सेल में तैनात वरिष्ठ उप निरीक्षक राजीव शर्मा, एसएसआई प्रेमनगर रामनारायण और आरटीसी में तैनात शैलेंद्र पाल सिंह इंस्पेक्टर बन गए हैं। सोमवार को आला अफसर उनके स्टार लगाएंगे।