‘लड़कियां सेहतमंद रहेंगी तभी बन सकेंगी अपराजिता’
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साहू राम स्वरूप महिला डिग्री कॉलेज में हुआ अपराजिता कार्यक्रम का आयोजन
बरेली। सीएमएस डॉ. केएस गुप्ता ने कहा कि लड़कियां सेहतमंद रह कर ही अपराजिता बन सकती हैं। लड़कियां जब सेहतमंद रहेंगी तभी शिक्षा में भी उनका मन लगेगा। इसलिए किशोरी और युवतियों को अपनी सेहत पर विशेष ध्यान देना चाहिए। वह शहर के बांसमंडी स्थित साहू राम स्वरूप महिला डिग्री कॉलेज में अमर उजाला के अपराजिता कार्यक्रम में छात्राओं को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि सेहत ईश्वर की नियामत है। भागदौड़ की जिंदगी में महिलाएं अपनी सेहत के प्रति लापरवाह होती जा रही हैं। प्रतिदिन सुबह उठकर मार्निंग वॉक, योगा आदि की आदत डालें। गर्मी का प्रकोप बढ़ने से डायरिया और मच्छरों के कारण बुखार का प्रकोप बढ़ रहा है। ऐसे में ठेलों की खुली चीजें, कटे, फटे फल, ठेले पर गन्ने के जूस आदि का सेवन करने से परहेज करें। उन्होंने कहा कि धूप में निकलने से परहेज करने वाली किशोरी व महिलाओं में विटामिन डी की कमी हो जाती है। इसलिए प्रतिदिन कुछ देर के लिए गुनगुनी धूप का भी आनंद लेना चाहिए। रात को 10 बजे तक सो जाना चाहिए। अधिक जागने के कारण भी उसका सीधा असर सेहत पर पड़ता है। उन्होेंने कहा कि शिक्षित, सेहतमंद रहकर ही लड़कियां अपराजिता बन सकती हैं।
जिला अस्पताल की डाइटिशियन रोजी ने कहा कि कई बार लड़कियां इस भय से कम खाना खाती हैं कि वह मोटी हो जाएंगी। यह धारणा गलत है। लड़कियों को पूर्ण डाइट लेनी चाहिए। प्रोटीन युक्त भोजन व सलाद को अपने भोजन में नियमित शामिल करें। नियमित मार्निंग वाक व योगा भी जरूरी है। सुबह की फ्रेश हवा शरीर की कई बीमारियों से लड़ने की ताकत प्रदान करती है। अधिक तेल मसाले वाले भोजन, फॉस्टफूड आदि से भी परहेज करें। गर्मी के मौसम में पानी खूब पीये। कम पानी पीने से पेशाब में जलन की शिकायत रहती है।
महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. राकेश अरोड़ा ने अमर उजाला द्वारा आधी आबादी को हर दृष्टिकोण से जागृत कर सबल बनाने की दिशा में किए जा रहे प्रयास की खुले कंठ से सराहना की। फैशन डिजाइन की विभागाध्यक्ष डॉ. अलका जायसवाल व डॉ. लक्ष्मी ने भी छात्राओं को सेहतमंद रहने के टिप्स दिए। कार्यक्रम का संचालन डॉ. लक्ष्मी ने किया।