बरेली। उत्तर प्रदेश में भारी पराजय से कांग्रेसी अभी समझ ही नहीं पा रहे हैं कि यह सब कैसे हो गया। सभी प्रमुख कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने इस पर मंथन भी शुरू कर दिया है। बरेली लोकसभा से प्रत्याशी रहे प्रवीण सिंह ऐरन ने कहा है कि भाजपा ने जिस तरह हालात बनाए दिए उससे साफ हो गया था कि नतीजे यही आने थे। अब संगठन को इसकी गली मोहल्ला जाकर असलियत बताना होगी। संगठन ने कहा है कि हमें अपनी खामियां तलाशना होंगी।
निचले स्तर पर संपर्क जरूरी: ऐरन
कांग्रेस प्रत्याशी प्रवीण सिंह ने कहा है कि जो जनादेश आया है, उसका हम सम्मान करते हैं। उनका कहना है कि अंतरराष्ट्रीय और बहुराष्ट्रीय ताकतों यह एक हिस्सा था। क्योंकि विदेशी ताकतें भारतीय अर्थ व्यवस्था और राजनीतिक फैसले तेजी से अपने हाथों में लेते जा रहे हैं। लोकसभा चुनावों यह साफ दिखा। उन्होंने कहा कि इस सच्चाई को गली मोहल्ले तक पहुंचाना होगा। साथ ही कांग्रेस को अपनी नीतियों पर अडिग रखना होगा।
संगठन इलेक्ट्रिक सिस्टम मजबूत करे
जिलाध्यक्ष रामदेव पांडे ने कहा कि संगठन इलेक्ट्रिक सिस्टम में पारंगत नहीं है। इसलिए एक बार फिर जनता ठगी गई है। उम्मीद से ज्यादा बहुमत मिलना और पहले से प्रचार होना भी कहीं कुछ संकेत करते हैं। इसके साथ ही संगठन विपक्षी पार्टियाें के साथ मिलकर मंथन करे और भारी पराजय के कारण तलाशे। पांडे ने कहा कि संगठन के बाहर और भीतर जो भी खामियां हैं, उसे प्राथमिकता से दूर करना होगा।
हम पूरी बात लोगों तक नहीं पहुंचा पाए
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी सदस्य प्रेमप्रकाश अग्रवाल ने कहा है कि कांग्रेस लोगाें तक पूरी बात नहीं पहुंचा पाई। यह भ्रम चुनाव में भारी पड़ा। हमें इससे सबक लेना होगा और नए सिरे से संगठन में समीक्षा हो। अधिक सजगता, कार्यकर्ता सम्मान भी जरूरी है। चुनाव प्रचार में प्रियंका देर से आईं, इससे समय कम मिला। हमें आत्ममंथन के साथ और मजबूती खड़ा होना होगा।
यह तो नियोजित साजिश है
शहर अध्यक्ष चौधरी असलम मियां ने कहा कि चुनावी में धांधली नहीं साजिश हुई है। पहले एग्जिट पोल से प्रचार किया बाद में परिणाम भी वैसे आए हैं। चुनावों में सांप्रदायिक ताकतें हावी रहीं। हम संगठन 2022 के चुनाव की तैयारी में जुटेगा। राहुल गांधी से आग्रह किया गया है कि वे अपने पद पर बने रहें। चुनावों में संगठन को आर्थिक रुप से मजबूत होना चाहिए।
संगठन आत्ममंथन करे
वरिष्ठ कांग्रेसी और पिछले विधानसभा चुनाव में प्रत्याशी रहे नवाब मुजाहिद हसन खां ने कहा है कि जो जनादेश जनता ने दिया है उसे स्वीकार करना होगा। उन्होंने कहा कि संगठन निचले स्तर पर आत्ममंथन करे और अपनी खामियां तलाशे। उन्होंने कहा कि बड़े नेता आते हैं और कुछ स्थानों पर घूमकर चले जाते हैं, जबकि उन्हें इलाकों में जाकर स्थिति का आकलन करना होगा। बूथबार संगठन मजबूत किया जाए।
आक्रमण शैली अपनाई जाए
पीसीसी सदस्य कौशल अग्रवाल ने कहा है कि राष्ट्रीय नेतृत्व प्रदेश स्तर पर नीचे तक संगठन की समीक्षा कराए, जुझारू कार्यकर्ताओं को मौका दिया जाए। शीर्ष नेता आक्रामक शैली अपनाएं और निचले स्तर तक कांग्रेस अपनी नीतियां और नियम पहुंचाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस आज भी लोगों में लोकप्रिय है, लेकिन संगठनात्मक खामियाें के चलते ही चुनाव में पिछड़ रहे हैं।