बरेली। सिखों के दसवें गुरु साहिबे कमाल साहिब गुरु गोबिंद सिंह के प्रकाश पर्व को रविवार को सिख संगत ने बड़े ही श्रद्धा, उत्साह और प्रेम से मनाया। सुबह गुरुद्वारा पंजाबी सत्संग सभा में संगत एकत्र हुई। बैंड बाजे के साथ गुरवाणी कीर्तन सोसायटी ने कीर्तन करते हुए बिशप मंडल इंटर कॉलेज में गुरुग्रंथ साहिब को विराजित किया। अरदास और हुकुमनामा के बाद कीर्तन की शुरुआत हुई। सिख मिशनरी कॉलेज के विद्यार्थियों ने शबद गान किया।
सेंट्रल गुरु पर्व कमेटी की ओर से आयोजित कार्यक्रम में सुभाषनगर के हजूरी रागी बलवंत सिंह ने ‘गुरू गुरू गुरु कर मन मोर, गुरू बिना मैं नाही होर’, ‘मॉडल टाउन के हजूरी रागी मनिंदर सिंह ने ‘आनंद विनोदी चोजीआ सचु सच्ची वेला, वाह वाह गोबिंद सिंह आपे गुरू चेला’, रागी भाई जोगा सिंह ने ‘धन्नु धन्नु पिता धन्नु कुल धन्नु धन्नु सु जननी जिनि गुरू जणिआ मांए’, बलवंत सिंह ने ‘ओहु गुरू गोबिंद होए प्रगटिआ दसवां अवतारा, जि अलख अपार निरंजना जपिओ करतारा’, शबद सुनाकर संगत को निहाल किया। फिर सिख मिशनरी कॉलेज के जोनल इंचार्ज सरदार गुरमीत सिंह ने गुरमति विचार बताया। लुधियाना से आए रागी जीवन सिंह, सुखदेव सिंह ने ‘सेवक की अरदासि पिआरे, जपि जीवां प्रभ चरण तुमारे’ शबद गान किया। रुद्रपुर से आए पंथ के प्रचारक ज्ञानी सतनाम सिंह ने साहिब गुरु गोबिंद सिंह के जीवन पर प्रकाश डाला। दिल्ली गुरुद्वारा बंगला साहिब से आए रागी रंजीत सिंह ने ‘नासिरो मंसूर गुुरु गोबिंद सिंह, ईजदी मंजूर गुरु गोबिंद सिंह’ के शबद से गुरवाणी कीर्तन की शुरुआत की। अरदास व हुकुमनामा के बाद गुरुग्रंथ साहिब को निज स्थान पर संगत ने विराजित किया।
परिसर में लगे कई शिविर
जिला अस्पताल की ओर से आयोजन स्थल पर ब्लड बैंक शिविर, एक अस्पताल की ओर से जांच शिविर, निशुल्क दांत की जांच शिविर लगे थे। केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार ने गुरु दरबार में मत्था टेका और लंगर छका। सिख मिशनरी कॉलेज व माता भाग कौर ग्रु़प ने धार्मिक पुस्तकों का स्टॉल लगाया। इस दौरान परमजीत सिंह, कुलदीप सिंह, हरनाम सिंह, राजेंद्र सिंह, विक्की बग्गा, मालिक सिंह कालड़ा आदि का सहयोग रहा।