बरेली। प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना (पीएमएसवाईएम) पात्रों तक पहुंचाने के लिए श्रम विभाग ने जनजागरण कार्यक्रम शुरू कर दिया है। इसके तहत उद्यमी, व्यापारी, श्रम संगठन और विभिन्न संस्थाओं की संयुक्त गोष्ठी में योजना संबंधी जानकारी दी गई और शंका समाधान किया गया।
सोमवार दोपहर श्रम विभाग कार्यालय में सभी प्रमुख संगठनों के पदाधिकारी बुलाए गए। इस मौके पर सहायक श्रमायुक्त केके सिंह, श्रम प्रवर्तन अधिकारी अजीत कनौजिया ने योजना की पात्रता और शर्तों समेत मिलने वाले लाभ की जानकारी दी। बताया कि योजना में असंगठित क्षेत्र के कर्मकारों को 60 वर्ष की आयु पूरी करने के बाद तीन हजार रुपये मासिक पेंशन दी जाएगी। स्पष्ट किया कि योजना में 18 से 40 वर्ष तक के असंगठित कर्मकार शामिल हो सकते हैं। इसमें वे कर्मकार आएंगे जिनकी मासिक आमदनी 15 हजार से कम हो, कर्मचारी भविष्य निधि योजना, राज्य कर्मचारी बीमा और न्यू पेंशन योजना का लाभ नहीं मिल रहा हो। इसके लिए उन्हें पंजीकरण कराना होगा। पात्र लोग किसी भी जन सेवा केंद्र के जरिए आधार कार्ड, बचत बैंक खाता, योजना के तहत सदस्यता शुल्क जमा कर नामांकन करा सकते हैं। वहीं, अधिक जानकारी के लिए उप श्रमायुक्त कार्यालय में स्थापित हेल्प डेस्क से मदद ले सकते हैं। महीप सिंह, अंकित शर्मा, प्रियंका वर्मा ने सवालाें के जवाब दिए। आईआईए पदाधिकारी सुरेश सुंदरानी, व्यापारी नेता राजेंद्र गुप्ता, सतीश अग्रवाल, राजेश जसोरिया, सुदेश अग्रवाल, श्रमिक नेता सतीश मेहता, राजकुमार सर्राफ आदि मौजूद रहे।