बरेली। संजय कम्युनिटी हाल में चल रहे पं. राधेश्याम कथावाचक स्मृति समारोह में गुरुवार को दो नाटकों का मंचन हुआ। सबसे पहले खंडेलवाल ललित कला अकादमी के सहयोग से रंग प्रशिक्षु टीम ने द्रौपदी वस्त्र हरण नाटक का मंचन किया। इसमें द्रौपदी को महाभारत की वजह बताने की किवदंती तोड़ने का प्रयास किया गया। वहीं, दूसरा मंचन महर्षि वाल्मीकि का हुआ। इसमें एक किसान की दुर्दशा, सामंतवादी लोगों के द्वारा शोषण, किसान की मजबूरी, बेबसी एवं लाचारी को दिखाने का प्रयास किया गया। संयोजक गिरधर गोपाल खंडेलवाल ने दीप प्रज्वलित कर उद्घाटन किया। सह संयोजक कुलभूषण शर्मा और रामकृष्ण शुक्ला का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम में पं. राधेश्याम शर्मा कथावाचक के परपौत्र काशीनाथ शर्मा समेत परिवार के अन्य सदस्य मौजूद रहे।