रंपुरा गांव स्थित देवहा नदी के घाट पर अस्थि विसर्जन के बाद शुक्रवार सुबह करीब साढ़े छह बजे पिता-पुत्र समेत तीन लोगों की नदी में डूबने से मौत हो गई। साथ आए अन्य दो युवकों की चीख पुकार पर जुटे ग्रामीणों ने चार घंटे की मशक्कत के बाद तीनों के शव देवहा नदी से बाहर निकाले।
बिलसंडा थाना क्षेत्र के ईंटगांव निवासी गेंदनलाल (53) की चाची दुलारो देवी (70) का 3 जून को निधन हो गया था। वह परिवार के चार सदस्यों के साथ अस्थियां विसर्जित करने देवहा घाट पर आए थे। विसर्जन के बाद उनका दस वर्षीय बेटा राहुल नदी में नहाने उतरा तो वह डूबने लगा। उसे बचाने के लिए पिता गेंदनलाल और उनके भतीजे प्रमोद (28) ने नदी में छलांग लगा दी। तैरना न आने के कारण वे भी डूब गए। वहां मौजूद दो अन्य भतीजों ने शोर मचाया तो चार घंटे बाद सभी शव निकाले जा सके।