बरेली। भाजपा के पौने तीन साल तक महानगर अध्यक्ष उमेश कठेरिया को भले ही पार्टी ने समायोजित करने के लिए बृज क्षेत्र का मंत्री बना दिया है, लेकिन वह अपने कार्यकाल में तमाम विवादों में घिरे रहे हैं। जिला अस्पताल में चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मचारियों से झगड़े, साइकिल स्टैंड के ठेके, बुजुर्ग महिला के मकान पर कब्जा करने के मामलों में कठेरिया का नाम उछलता रहा है। सर्वाधिक चर्चा जिला अस्पताल के स्टाफ से झगड़े की रही। किला थाने में भाजपा कार्यकर्ता को छुड़ाने को लेकर भी उनका विवाद हुआ था। हालांकि कठेरिया तमाम आरोपों से हमेशा इनकार करते रहे। वित्त मंत्री के प्रबल समर्थकों में माने जाने वाले उमेश कठेरिया से भाजपा का दूसरा गुट हमेशा नाराज रहता था। मेयर से नजदीकियों को लेकर भी खासी चर्चा में थे।