बाराबंकी। मोहम्मदपुर खाला थाना क्षेत्र के उतरांवा गांव में युवक की हत्या व आत्म हत्या की गुत्थी सुलझती नहीं दिख रही है। पोस्टमार्टम करने वाले डाक्टर का कहना है कि मौत हैंंगिंग से जरूर हुई मगर युवक के सिर में भी चोट लगने के निशान थे। इससे लगता है कि उस पर प्रहार हुआ होगा। वहीं, पुलिस द्वारा की जा रही अब तक की जांच में सामने आया है कि मृतक युवक का एक साल से बहराइच के डॉक्टर से मानसिक बीमारी को लेकर इलाज भी चल रहा था।
उतरांवा गांव निवासी नीरज रावत (30) का शव बुधवार सुबह गांव के बाहर पेड़ में लटका मिला था। उसके दोनों कलाईयों की नसें कटी थी। कुछ दूर खेत में नीरज के चप्पल, शर्ट, मोबाइल पड़े मिले थे। पिता छंगालाल की ओर से अज्ञात पर हत्या का केस दर्ज किया गया। लेकिन बुधवार शाम पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हैंगिंग आने से पूरी घटना आत्महत्या में तब्दील हो गई थी। इससे पुलिस भी हैरत में थी। सीओ डॉ. बीनू सिंह ने बताया कि विशेष टीम सीन दोहराने के बाद अपनी मेडिको लीगल रिपोर्ट भेजेगी। बहराइच के डाॅक्टर से भी पुलिस इस मामले में मुलाकात कर पूछतांछ करेगी कि नीरज को किस स्तर की मानसिक बीमारी थी।