बाराबंकी। टिकैतनगर थाना क्षेत्र के सराय नेतामऊ गांव में युवक की हत्या रिश्तों को कलंकित करने वाली है। रात में सोते समय युवक की हत्या उसके उसके चाचा चाची व दादी ने रस्सी से गला कसकर की थी। सुबह शव को बोरे में भरकर नदी में फेंक दिया गया था। गांववालों से बता दिया था कि फंदे से लटककर जान दे दी है। पुलिस ने बुधवार को आरोपी चाचा, चाची व दादी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
टिकैतनगर थाना क्षेत्र के सराय नेतामऊ गांव निवासी अजय वर्मा (20) के पिता राजेंद्र वर्मा की हत्या 20 साल पहले हो गई थी। उसकी मां आरती देवी की दूसरी शादी क्षेत्र के ही मुरारपुर गांव में हुई थी। वह मुरारपुर में ही रहती थी। अजय पिता के यहां रहता था और संपत्ति का हिस्सेदार था। हालांकि बीते कुछ सालों से अजय व उसकी मां आरती से मुलाकात होने लगी थी। दोनों फोन पर भी बात करते थे। करीब 12 दिन से आरती की बात अजय से नहीं हुई तो उसने पड़ताल शुरू की तो पता चला कि संपत्ति के लालच में अजय की हत्या उसी के चाचा कल्लू उर्फ राकेश, चाची पूजा वर्मा व दादी जमुना देवी ने कुछ लोगों के साथ मिलकर कर दी है। आरती की तहरीर पर मंगलवार को पुलिस ने केस दर्ज कर तीनों को पकड़ लिया।
एसएचओ टिकैतनगर अंगद कुमार सिंह ने बताया कि छह नवंबर को अजय शराब पीकर आया और सो गया। इसी दौरान उसके चाचा कल्लू उर्फ राकेश, चाची पूजा व दादी जमुना देवी ने सोते समय अजय की गला कसकर हत्या कर दी। सुबह शव को बोरे में भरकर नदी में फेंक दिया। तीनों ने स्वीकार किया कि अजय के हिस्से की जमीन पाने की लालच में उसकी हत्या की। हत्या में प्रयुक्त रस्सी व बोरा बरामद किया गया है।