सिद्धौर (बाराबंकी)। कोटेदारों ने अनाज वितरण के साथ ही मनमानी शुरू कर दी है। शासनादेश के विपरीत कार्डधारकों को अनाज के साथ निरमा, साबुन, चाय की पत्ती का पैकेट जबरन खरीदने के लिए बाध्य किया जा रहा है। इंकार करने वालों को अगले माह से कोटे का अनाज न देने के लिए धमकाया जाता है।
क्षेत्र की 96 ग्राम पंचायतों में सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत 105 कोटे की दुकानें संचालित हो रही हैं। एक निजी कंपनी का एक किलोग्राम पैकेट निरमा, साबुन कपड़ा धोने का, साबुन नहाने का, साबुन बर्तन धोने का, एक पैकेट चाय राशन वितरण के साथ 100 रुपये लेकर कार्ड धारकों को दिया जा रहा है। साला भारी निवासी कार्डधारका सीताराम, इंद्राणी, रूपरानी, विकास, मुकेश, दिनेश कुमार का आरोप है कि वह अनाज लेने कोटेदार राजकुमार के यहां गए थे अंगूठा लगाने के बाद कोटेदार ने कहा कि अनाज के साथ 100 रुपये के यह उत्पाद लेने आवश्यक है, सामग्री नहीं लोगे तो अगले माह से राशन नहीं मिलेगा। जिससे कार्ड धारक काफी परेशान हैं। इसके अलावा ग्राम पंचायत सेमरी, कमालापुर, मीरापुर, नसीरपुर, सोहावा, बिबियापुर थाना में भी कार्डधारकों को अनाज के साथ उत्पाद लेने का दबाव बनाकर दिया जा रहा है। पूर्ति निरीक्षक संजय सिंह ने बताया की राशन के साथ किसी कंपनी की सामग्री वितरण करने की शिकायत मिली है। कार्ड धारक को जबरिया राशन के साथ अतिरिक्त कोई भी सामग्री देना बिल्कुल गलत है। इसकी जांच कर कार्रवाई की जाएगी।