बाराबंकी। जिम्मेदारों की लापरवाही से डेढ़ करोड़ से ज्यादा की राजस्व वसूली अटकी हुई है। तहसील से जुड़े जिम्मेदार करीब 1.67 करोड़ रुपये की आरसी (रिकवरी सर्टिफिकेट) जारी कर इसकी वसूली करना भूले गए हैं।
मामला हैदरगढ़ तहसील क्षेत्र में पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के निर्माण में अधिगृहीत की गई जमीन से संबंधित है। इसमें घरकुइंया गांव के 28 किसानों को उनकी जमीन की मालियत से अधिक धनराशि का भुगतान कर दिया गया था। बाद में हुई जांच में इन किसानों से एक करोड़ 67 लाख रुपये की अतिरिक्त धनराशि वसूली का आदेश वर्ष पांच मई 2022 को जारी हुआ था। तहसील हैदरगढ़ से इसकी वसूली के लिए आरसी भी जारी की गई। आरसी जारी होने के बाद अब तक सिर्फ नौ किसानों ने करीब 2.26 लाख रुपये की राशि ही सरकारी खाते में जमा कराई है। 19 किसानों ने अभी तक हड़पी गई धनराशि वापस नहीं की है। इस बीच तत्कालीन डीएम व हैदरगढ़ के एसडीएम सहित अन्य अफसरों का तबादला हो जाने के कारण वसूली का पूरा मामला ठंडे बस्ते में चला गया। (संवाद)
12 बकायेदारों से होना है वसूली
बकाएदारों में सुंदरलाल, सूर्यलाल, राज नरायन व बाल कुमारी से कुल 32 लाख 34 हजार, माता बदल व माताफेर से करीब 43 लाख 85 हजार, नौमीलाल से पांच लाख 25 हजार रुपये वसूले व शेष 12 अन्य बकाएदारों से वसूली की जानी है। इस संबंध में भू-अध्यापति अधिकारी अनुराग सिंह का कहना है कि मामला पुराना है, पर उनके संज्ञान में है, वसूली की प्रकिया तेज की जाएगी।
डीएम बाराबंकी शशांक त्रिपाठी ने बताया कि अतिरिक्ति धनराशि पाने वाले घरकुइंया के 19 किसानों से वसूली के लिए तीन साल पहले आरसी जारी किए जाने का मामला अभी तक मेरे संज्ञान में नहीं था। अब सख्ती से वसूली कराई जाएगी।