रामनगर बाजार से गुड़ और तिलवा खरीदते लोग।
रामनगर। स्थानीय बाजार में कड़ाके की ठंड के बीच गुड़ की सोंधी खुशबू और तिलवा त्योहार की मिठास छा गई है। छह जनवरी को तिलवा पूजन (सकट चतुर्थी) है। ऐसे में सुबह से देर शाम तक बाजार में रौनक है। दुकानदारों के घरों में जहां गुड़ पिघलाकर तिल, लइया, मक्का, रामदाना आदि मिलाकर लड्डू व पट्टी बनाई जाती है, वहां से उठने वाली महक लोगों को आकर्षित करती है।
दुकानदार अवनीश ने बताया कि तिलवा के बाद मकर संक्रांति है। फरवरी माह तक तिल, लाइया व रामदाना आदि से बने लड्डू की बिक्री चलेगी। दुकानदार जटाशंकर का कहना है कि पहले लोग घरों में ही तिलवा और तिलकुट बनाते थे, लेकिन अब बाजार में बना ताजा और शुद्ध सामान लोगों को अधिक भा रहा है। धीरे-धीरे खरीदारी करने के लिए लोग आने लगे हैं।
बाजार में तिल व गुड़ 60 से 90 रुपये प्रतिकिलो है। इसी तरह तिल से तैयार तिलपट्टी 210 से 230 रुपये, काला तिल लड्डूु 220 रुपये, सफेद तिल लड्डू 220 से 230 रुपये, बादाम पट्टी 230 से 250 रुपये किलो व गजक 250 रुपये किलो है। संवाद