रामनगर सीएचसी पर तैनात एक महिला चिकित्सक नौ माह से और एक नेत्र सहायक पांच माह से बिना सूचना के नदारद है और विभाग को इसकी जानकारी तक नहीं है। शनिवार को सीएमओ द्वारा सीएचसी के निरीक्षण के दौरान इस बात का खुलासा हुआ। जिस पर सीएमओ ने सीएचसी अधीक्षक को कड़ी फटकार लगाते हुए दोनों के खिलाफ कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखा है।
सीएमओ डॉ. रविन्द्र कुमार ने शनिवार को सीएचसी रामनगर का औचक निरीक्षण किया। सीएमओ ने बताया कि इस दौरान पाया कि यहां पर तैनात डॉ. परवीना पिछले नौ माह से बिना सूचना के नदारद हैं। इसके अलावा यहीं पर तैनात नेत्र सहायक अमृता प्रीतम पिछले पांच माह से बिना सूचना के गैरहाजिर हैं। उपस्थिति रजिस्टर की जांच में पाया गया कि डॉ. वैशाली भी बिना सूचना के अनुपस्थित हैं। जिस पर इनका एक दिन वेतन काटते हुए जवाब तलब किया गया है। जानकारी पर बताया गया डॉ. अमित नाइट ड्यूटी करके गए हैं इसलिए नहीं आए हैं। निरीक्षण के दौरान सीएचसी पर तमाम खामियां पाई गई। लेवर रूम में कई दवाएं मौजूद नहीं थी। इसके अलावा प्रसाधन और इमरजेंसी में गंदगी दिखी। इससे नाराज सीएमओ ने सीएचसी अधीक्षक को कड़ी फटकार लगाते हुए व्यवस्था में सुधार लाने के आदेश दिए हैं। सीएमओ ने सीएचसी अधीक्षक से कहा कि अगली बार निरीक्षण में यदि खामियां मिली तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।