देवा (बाराबंकी)। देवा क्षेत्र में एक व्यक्ति की हत्या के पीछे प्रेम, स्वार्थ और विश्वासघात की चौंकाने वाली कहानी सामने आई है। करीब 16 दिन पहले हुई रामसजीवन यादव की हत्या मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने गांव की एक महिला व उसके पति को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों ने मिलकर गला दबाकर रामसजीवन की हत्या की थी।
पुलिस के अनुसार सलारपुर के मजरा खजुआ निवासी रामसजीवन यादव (45) का शव दो जुलाई को खेत में बने मकान के पास संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था। पोस्टमार्टम में गला दबाकर हत्या की पुष्टि हुई थी। उनके पिता राम शंकर यादव की तहरीर पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था।
जांच में पता चला कि गांव की महिला चंद्रकला का रामसजीवन से प्रेम संबंध था। चंद्रकला पहले भारत प्रसाद की पत्नी थी लेकिन उसे छोड़कर वह रामसजीवन के साथ रहने लगी थी। इसी दौरान उसने रामसजीवन से उनकी एक बीघा जमीन भी अपने नाम करवा ली थी।
कुछ समय बाद रामसजीवन के पैर में चोट लग गई और वह कोई भी काम कर पाने में असमर्थ हो गए। इसी बीच चंद्रकला ने दोबारा अपने पूर्व पति भारत प्रसाद से संपर्क बढ़ा लिया। रामसजीवन जब चंद्रकला और भारत प्रसाद के बीच दोबारा नजदीकियां बढ़ने पर आपत्ति जताने लगे तो दोनों के बीच आए दिन विवाद होने लगा।
आखिरकार दो जुलाई को चंद्रकला और भारत प्रसाद ने मिलकर रस्सी से रामसजीवन का गला घाेटकर हत्या कर दी। देवा कोतवाल अजय कुमार त्रिपाठी ने बताया कि चंद्रकला और भारत प्रसाद को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। रस्सी बरामद कर ली गई है।