बाराबंकी। यूपी बोर्ड की प्रयोगात्मक परीक्षा के छठें दिन फिर 358 विद्यार्थियों को बिना मौखिक परीक्षा दिए लौटना पड़ा। शुक्रवार को 73 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित प्रयोगात्मक परीक्षा में कई परीक्षक समय पर नहीं पहुंच सके। इसके कारण विद्यार्थी स्कूल पहुंचने के बावजूद केवल कॉपी लिखकर या चार्ट दिखाकर लौटने को मजबूर हुए।
जीजीआईसी की छात्राओं ने बताया कि सुबह दस बजे का समय देने के बाद परीक्षक तीन बजे तक स्कूल नहीं पहुंचे। इससे पांच बजे तक रुकने के बाद भी उनकी मौखिक परीक्षा नहीं हो सकी। इसके लिए उन्हें शनिवार को फिर बुलाया गया है। ऐसे में उनकी परीक्षा की तैयारियों का भी काफी नुकसान हो रहा है।
डीआईओएस ओपी त्रिपाठी ने बताया कि कई परीक्षकों को एक ही दिन में दो केंद्रों पर पहुंचने के कारण देरी हो जाती है। ऐसे में विद्यालय के प्रधानाचार्य परीक्षक से समन्वय स्थापित कर छात्रों को परीक्षक द्वारा निर्धारित समय पर ही बुलाएं जिससे बच्चों को कोई परेशानी न हो।