बाराबंकी। बाराबंकी-बहराइच नेशनल हाईवे पर लंबी दूरी की निजी बसों को जबरन अपने ढाबों पर ले जाने का मामला सामने आया है। सीमावर्ती बहराइच जिले के जरवल रोड थाने में ऐसे मामले में रिपोर्ट दर्ज होने के दो दिन बाद अब रामनगर में भी इसी तरह की घटना सामने आई है।
स्कॉर्पियो सवार लोगों ने एक निजी बस का पीछा कर उसे बीच हाईवे पर रुकवा लिया और चालक पर बस को वापस मोड़कर अपने बताए ढाबे पर ले जाने का दबाव बनाया। सूचना पर पहुंची पुलिस छह लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। घटनाओं से हाईवे पर संचालित निजी बसों की सुरक्षा और यात्रियों की सुविधा को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
लखनऊ से प्रतिदिन करीब 100 निजी बसें नेपालगंज, बहराइच, गोंडा समेत अन्य जिलों के लिए संचालित होती हैं। हाईवे किनारे रामनगर क्षेत्र में बड़ी संख्या में ढाबे हैं। यात्रियों को अपने यहां ठहराने के लिए ढाबा संचालकों के बीच लंबे समय से प्रतिस्पर्धा चल रही है।
बुधवार देर रात सरयू नदी पुल पार करने के बाद एक लंबी दूरी की निजी बस का स्कॉर्पियो सवार कुछ लोगों ने पीछा किया। आरोप है कि उन्होंने बस के आगे अपनी गाड़ी लगाकर उसे रुकवा लिया। इसके बाद चालक पर दबाव बनाया कि बस को वापस मोड़कर उनके बताए ढाबे पर ले जाया जाए।
चालक के विरोध और यात्रियों में अफरातफरी के बीच सूचना मिलने पर पुलिस सक्रिय हो गई। रामनगर के प्रभारी निरीक्षक अरुण प्रताप सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ चल रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उधर, दो दिन पहले सीमावर्ती बहराइच जिले के जरवल रोड थाना क्षेत्र में भी निजी बस को जबरन ढाबे पर ले जाने के प्रयास का मामला दर्ज हुआ था। लगातार सामने आ रही घटनाओं से हाईवे पर संचालित निजी बसों की सुरक्षा और यात्रियों की सुविधा को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।