मसौली (बाराबंकी)। थाना क्षेत्र मसौली में शुक्रवार को 48 वर्षीय साधु का शव गांव से करीब पांच सौ मीटर दूर झाड़ियों में संदिग्ध दशा पड़ा मिला। पुलिस ने फोरेंसिक टीम के साथ जांच शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई करने की बात कह रही है।
मसौली थाना क्षेत्र के भटपुरवा मजरे सुरसंडा निवासी देशराज (48) अविवाहित थे। कई सालों से वह लखनऊ के मलिहाबाद क्षेत्र में किसी मठ पर रहते थे। परिजनों के अनुसार दो दिसंबर की शाम वह घर आए थे। शाम करीब पांच बजे पूजा का सामान खरीदने के लिए निकले लेकिन नहीं लौटे।
पता न चलने पर बड़े भाई रामपाल ने चार दिसंबर को शहर कोतवाली में गुमशुदगी की तहरीर दी व पांच दिसंबर को मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। शुक्रवार सुबह रामपाल थाना मसौली में गुमशुदगी की तहरीर दे कर घर वापस पहुंचे ही थे कि रसौली रेलवे स्टेशन के निकट श्मशान घाट के पास लकड़ी काटने गई एक महिला ने बताया कि झाड़ियों के बीच एक शव पड़ा है।
मौके पर पहुंचे उनके भाई रामपाल व दीपू ने उनकी पहचान देशराज के रूप में की। मसौली के एसएचओ यशकांत सिंह ने बताया कि शरीर पर चोट का निशान नहीं था। लंगोट खुला पड़ा था जिससे लगता है कि शौच के लिए जंगल की ओर गए होंगे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है।
सूत्रों के अनुसार देशराज एनडीपीएस के मामले में जेल गए थे जिसका मुकदमा न्यायालय में विचाराधीन है। दो दिसंबर को वह कोर्ट में पेशी के लिए आए थे।