बारिश से खेतों में गिरी धान की फसल।
बाराबंकी। मौसम का मिजाज फिर बदल गया है। बुधवार रात हुई तेज बारिश से खेतों में खड़ी धान की फसल गिर गई, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। जिले में इस वर्ष 1.62 लाख हेक्टेयर में धान की बोआई हुई है। समय पर धूप और बारिश मिलने से फसल अच्छी तरह लहलहा रही थी और खाद-पानी से उसकी वृद्धि भी बेहतर हुई।
अगैती बोआई करने वाले किसानों ने कटाई शुरू कर दी थी। बुधवार रात बारिश के बाद बृहस्पतिवार को धूप निकली तो किसान फसल संभालने में जुट गए, लेकिन दोपहर बाद फिर बारिश होने से उनकी परेशानी बढ़ गई।
मौसम की मार से किसान मायूस : कोठी के किसान रामपाल ने बताया कि इस बार धान की फसल पहले से कहीं बेहतर थी। सआहदतगंज के राजाराम के अनुसार उत्पादन पिछले कई वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ने की उम्मीद थी। लेकिन बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। सबसे अधिक नुकसान कटी पड़ी धान की फसल को होने की आशंका है।
नवाबगंज में सबसे ज्यादा बारिश : मौसम विभाग के अनुसार जिले में अभी और बारिश की संभावना है। नवाबगंज में सर्वाधिक 28 मिमी, फतेहपुर में 22, रामसनेहीघाट में 15, हैदरगढ़ में 12, रामनगर में 11 और सिरौलीगौसपुर में नौ मिमी बारिश दर्ज की गई।
बारिश से खेतों में गिरी धान की फसल।
बारिश से खेतों में गिरी धान की फसल।
बारिश से खेतों में गिरी धान की फसल।
बारिश से खेतों में गिरी धान की फसल।