बाराबंकी। उमस भरी गर्मी और बारिश के बीच जिले की बिजली व्यवस्था रविवार को लड़खड़ा गई। कहीं ओवरलोड के कारण बार-बार ट्रिपिंग हुई तो कहीं 33 हजार केवी लाइन में खराबी आने से आपूर्ति ठप हो गई। बाबागंज, जैदपुर और मसौली विद्युत उपकेंद्रों से जुड़े करीब 390 गांवों में घंटों बिजली संकट बना रहा। इससे हजारों उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा।
बाबागंज में आठ घंटे ठप रही आपूर्ति
निंदूरा क्षेत्र के बाबागंज विद्युत उपकेंद्र से जुड़े करीब 90 गांवों में शनिवार शाम से ही बिजली की आवाजाही शुरू हो गई थी। रात करीब दो बजे आपूर्ति पूरी तरह बंद हो गई, जो रविवार दोपहर 12:30 बजे बहाल हो सकी। करीब आठ घंटे तक बिजली न मिलने से घुंघटेर, बाबागंज, मोहनपुर, जमुआ, कंचनपुर, निंदूरा, निगोहा और मिर्जापुर समेत कई गांवों की करीब डेढ़ लाख आबादी प्रभावित रही।उपभोक्ताओं का कहना है कि रात में करीब 35 बार ट्रिपिंग हुई। अवर अभियंता विकास मिश्रा ने बताया कि ओवरलोड के कारण ट्रिपिंग की समस्या आ रही थी।
जैदपुर में जंपर में आग लगने से आपूर्ति बाधित
जैदपुर में पंडरा ट्रांसमिशन के पास शनिवार देर रात करीब 12 बजे 33 हजार केवी लाइन के जंपर में आग लग गई। इससे जैदपुर विद्युत उपकेंद्र की आपूर्ति अचानक ठप हो गई। कस्बे समेत करीब 300 गांवों में लगभग तीन घंटे तक बिजली नहीं रही। एसडीओ शिवेंद्र मोहन ने बताया कि तकनीकी खराबी आने पर ही आपूर्ति बाधित होती है। खराबी दूर कर जल्द आपूर्ति बहाल की जाती है।
मसौली में फॉल्ट से 250 गांवों में छाया अंधेरा
मसौली क्षेत्र में रविवार सुबह 33 हजार केवी लाइन में फॉल्ट आने से विद्युत आपूर्ति बंद हो गई। विभागीय कर्मचारियों ने पेट्रोलिंग की तो उपखंड के पास डबल पोल पर जंपर कटा मिला। करीब पांच घंटे की मशक्कत के बाद फॉल्ट ठीक कर आपूर्ति बहाल की गई। इस दौरान मसौली विद्युत उपकेंद्र से जुड़े करीब 250 गांवों की दो लाख से अधिक आबादी को बिजली संकट का सामना करना पड़ा।