बाराबंकी। टिकैतनगर इलाके से एक सप्ताह पहले लापता हुईं चचेरी बहनों के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। पुलिस के अनुसार, 24 वर्षीय विवाहिता और उसकी 16 वर्षीय नाबालिग चचेरी बहन का धर्मांतरण कराने के बाद उन्हें ओमान ले जाने की तैयारी थी। मामले में धर्मांतरण की धाराएं बढ़ाते हुए ओमान में रह रहे युवक साकिब, उसके पिता सफी और भाई कदीर जाफरी को आरोपी बनाया गया है। पुलिस ने मंगलवार को कदीर को जेल भेज दिया है। वहीं, ओमान में रह रहे साकिब का वीजा निरस्त कराने के साथ इंटरपोल की मदद से स्वदेश लाकर गिरफ्तार करने की कवायद भी शुरू कर दी है।
रामसनेहीघाट के सीओ सौरभ श्रीवास्तव ने बताया कि एक सितंबर को टिकैतनगर क्षेत्र के एक गांव से 24 वर्षीय विवाहिता और उसकी 16 वर्षीय चचेरी बहन अचानक लापता हो गई थीं। विवाहिता के पिता ने पुलिस को बताया कि घर में रखे आधार कार्ड में बेटी के नाम के आगे केयर ऑफ मोहम्मद साकिब लिखा हुआ है। साकिब उसी गांव का रहने वाला है और फिलहाल ओमान में नौकरी करता है। पिता की तहरीर पर पुलिस ने साकिब के पिता सफी और भाई कबीर जाफरी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी।
तीन दिन पहले पुलिस ने चचेरी बहनों को कस्बे से बरामद कर लिया। चिकित्सीय परीक्षण के बाद दोनों के अदालत में बयान कराए गए। पुलिस के मुताबिक, अदालत में विवाहिता ने बताया कि ओमान में रह रहे साकिब ने अच्छी जिंदगी का भरोसा दिलाकर उसे पति को छोड़कर ओमान आने के लिए कहा था। साकिब के कहने पर ही उसने कस्बे के एक जनसेवा केंद्र से अपने आधार कार्ड में नाम अपडेट कराया था। सीओ सौरभ श्रीवास्तव ने बताया कि विवाहिता को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है, जबकि नाबालिग का चिकित्सा परीक्षण कराने के साथ फिलहाल वन स्टॉप सेंटर में रखा गया है।