चलो.... अब पापा से मुलाकात तो हो जाएगी। यह कहना है पुलिस के सिपाहियों के बच्चों का। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर पुलिसकर्मियों को दस दिन काम करने के बाद 11 वें दिन अवकाश देने की घोषणा की है। सीएम के इस फैसले से जिले के पुलिसकर्मियों और उनके परिवारीजनों में खुशी की लहर है। पुलिसकर्मियों का कहना है कि अवकाश मिलने से उन्हें आराम मिलेगा और बच्चों व घरवालों के साथ समय बिताने का मौका भी।
दस दिन में पापा से होता रहेगा मिलना
मुख्यमंत्री के इस घोषणा की खुशी पुलिस कर्मियों की पत्नियों व बच्चों में सबसे ज्यादा है। उन्हें अवकाश पाने की खुशी साफ दिखाई पड़ रही है। एक थाने में तैनात सिपाही की पत्नी ज्योति सिंह ने कहा कि कभी आधा महीना बीत जाता है लेकिन पति घर नहीं आ पाते। लेकिन अब दस दिन काम करने के बाद एक दिन घर में रहने का मौका मिलेगा। बच्चे भी पापा से बात करने के लिए तरस जाते हैं। बच्चों की पढ़ाई और विकास पर इसका बहुत असर पड़ता है।
पुलिस लाइन में तैनात सिपाही के बच्चे विशाल सिंह, युवराज सिंह व दूसरे पुलिसकर्मी की पत्नी शिखा सिंह व पुत्री सौम्या सिंह ने कहा कि अब तो हर दस दिन में पापा से मुलाकात होती रहेगी। बच्चों ने कहा पापा घर पर रहेंगे तो खूब मस्ती करने के साथ ही बाहर घूमने भी जाएंगे।
सिपाहियों ने कहा काम करने का बढ़ेगा जज्बा
एसपी की टेलीफोन ड्यूटी पर तैनात सिपाही अनुज दीक्षित ने कहा कि अवकाश देने का एलान करना सीएम का एक सराहनीय कदम है। कहा इससे परिवार व बच्चों को समय देने के साथ ही काम करने का जज्बा भी बढ़ेगा। सिपाही जुनेद अहमद, अनुपम शुक्ला, रबींद्र यादव आदि ने कहा कि सिपाहियों को तो हर सप्ताह अवकाश मिलना चाहिए, लेकिन दस दिन के बाद भी अवकाश मिलने लगेगा तो ठीक रहेगा। कहा, लगातार ड्यृूटी करने से पुलिसकर्मी अपने परिवार से दूर रहते हैं, जिससे वह बीमार भी हो जाते हैं। अवकाश मिलने से अब सभी को काफी राहत मिलेगी।
दस दिन काम करने के बाद 11वें दिन अवकाश देने की सीएम की घोषणा की जानकारी हुई है। शासन से जो निर्देश मिलेगा उसका नियमानुसार पालन करवाया जाएगा। अवकाश मिलने से मानसिक और शारीरिक थकावट दूर करने में मदद मिलेगी। -राजू बाबू सिंह, एसपी