शिक्षकों का विद्यालयों से बिना सूचना के नदारद रहना आम हो गया। लाख कोशिशों के बाद भी विभागीय अधिकारी इसमें सुधार नहीं ला पा रहे हैं। शनिवार को खंड शिक्षाधिकारी बंकी के केजीबीवी समेत कई विद्यालयों का निरीक्षण किया तो एक लेखाकार समेत नौ शिक्षक बिना सूचना के गैरहाजिर मिले। इन सभी के एक दिन के वेतन कटौती की संस्तुति की गई है। वहीं विद्यालय की रंगाई-पुताई में लापरवाही और गंदगी से भड़के बीईओ ने दो शिक्षिकाओं का वेतन रोक दिया है।
खंड शिक्षाधिकारी बंकी नवाब वर्मा ने शनिवार को कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय का निरीक्षण किया। इस दौरान विद्यालय में तैनात अंशकालिक शिक्षक सुबोध शुक्ला और शिक्षिका सविता उपाध्याय तथा लेखाकार ज्योति निगम बिना सूचना के नदारद पाए गए। इसके बाद वह पूर्व माध्यमिक विद्यालय भिटौली पहुंचे तो पाया कि यहां पर तैनात प्रधानाध्यापिका ऊषा वर्मा मौजूद नहीं थीं। जानकारी करने पर बताया गया कि चिकित्सीय अवकाश पर हैं।
प्राथमिक विद्यालय अहिरनपुर में तैनात शिक्षिका अर्चना यादव, सरिता यादव और प्रधानाध्यापक एकता मिश्रा बिना सूचना के नदारद मिलीं। प्राथमिक विद्यालय कमरपुर में तैनात शिक्षिका मंजू वर्मा, प्राथमिक विद्यालय खमरिया में तैनात सुधा सिंह और प्राथमिक विद्यालय कुम्हरौरा में तैनात शिक्षिका सुनीता देवी अनुपस्थित मिलीं। बीईओ ने बताया कि इन सभी का एक दिन वेतन काटने की संस्तुति करते हुए रिपोर्ट बीएसए को भेज दी गई है।