बाराबंकी। सड़कों को गड्ढामुक्त करने के लिए सवा छह करोड़ रुपये खर्च किए गए लेकिन टोरेंट कंपनी ने गैस पाइपलाइन डालने के लिए शहर से लेकर राजमार्ग तक बेतरतीब खुदाई कर सड़कों को ऐसे ही छोड़ दिया। कहीं सड़कें खुदी पड़ी हैं तो कहीं महंगी सीमेंट ईटों से बनी सड़क ही गायब हो गई। लोक निर्माण विभाग ने कंपनी को कई नोटिस जारी की। विभाग ने दो टूक कहा है कि अब हादसे का जिम्मेदार विभाग नहीं टोरेंट कंपनी होगी। खुदी पड़ी इन सड़कों से करीब पांच लाख की आबादी प्रभावित हो रही है।
इस समय घरों में पीएनजी गैस कनेेक्शन देने के लिए टोरेंट कंपनी शहर में खुदाई कर रही है। करीब हर मोहल्ले में तेजी से काम चल रहा है। बाराबंकी-हैदरगढ़ मार्ग के किनारे भी खुदाई की गई। खुदाई से पहले नगर पालिका व लोक निर्माण विभाग से कंपनी ने अनुमति ली है। विभाग ने सड़क से चार मीटर दूर व दो मीटर गहराई में पाइप लाइन डालने की शर्त पर अनुमति दी थी।
मगर हैदरगढ़-बाराबंकी राजमार्ग पर सड़क से दो से तीन मीटर की दूरी पर ही कंपनी ने आरसीसी वॉल खड़ी करके सेफ्टी वाल्व बनाई हैं। कई जगह सड़क के फुटपाथ पर गड्ढे हें। शहर के गोकुलनगर, लच्छूनगर, अभयनगर, लखपेड़ाबाग आदि में दर्जनों सड़कें बर्बाद हो गई हैं। चमचमाती सड़कों पर रोड़े दिख रहे है तो कहीं सड़क खुदी पड़ी है। नोटिसों के बाद भी कोई प्रभाव नहीं दिख रहा है। लोगों को भी आवागमन में खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
डेढ़ माह से खुदी पड़ी सड़क
सीन एक- शहर में विकास भवन के पास श्रीरामजानकी नगर में मुख्य सड़क डेढ़ महीने पहले खोदी गई थी। आज तक सड़क खुदी पड़ी है। आवागमन ठप है। नागरिकों का कहना है कि नगर पालिका ने कंपनी से जमानत राशि जमा कराई थी मगर आवागमन प्रभावित है।
इंटरलाकिंग सड़क बन गई कच्चा रास्ता
सीन दो- आवास विकास से सटे लच्छूनगर को जाने वाली इंटरलाॅकिंग सड़क इस समय कच्चे रास्ते में तब्दील हो गई है। यहां पाइपलाइन बिछाने के बाद बेतरतीब तरीके से पटाई की गई जिसके बाद अब सड़क की दुर्दशा हो गई है।
हाईवे के किनारे गड्ढे से हादसे को न्योता
सीन तीन- बाराबंकी-हैदरगढ़ राजमार्ग पर कई जगहों पर कंपनी द्वारा सड़क किनारे बेतरतीब खुदाई की गई। कोठी व भानमऊ के पास सड़क से सटकर बड़ा गड्ढ़ा खोदा गया। जरा सी चूक पर बड़े हादसे से इंकार नहीं किया जा सकता।
पीडब्लूडी ने जारी की कई नोटिसें
नागरिकों द्वारा हेल्पलाइन व मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायतें की गई। समीक्षा के दौरान पाया गया कि टोरेंट कंपनी द्वारा अनियमित तरीके से शर्तों की अनदेखी कर खुदाई की गई। इससे हादसे की आशंकाएं बन गई हैं। इसे लेकर टोरंट कंपनी को कई नोटिसें जारी की हैं। कोई अप्रिय स्थिति उत्पन्न होने पर कंपनी जिम्मेदार होगी।
- आरके राम, अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग प्रा.खं.