बाराबंकी। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) ने शनिवार को दूध में मिलावट की जांच करने के लिए अभियान चलाया। इसके तहत टीम ने चिनहट रोड पर दूध विक्रेताओं को रोककर जांच की और तीन नमूने भरकर जांच के लिए भेजे हैं। इस कार्रवाई से कई दूधिए भरे कैन छोड़कर भाग खड़े हुए।
एफएसडीए के अभिहीत अधिकारी के नेतृत्व में देवा-चिनहट रोड पर माती के निकट जांच की गई। इस रोड से दूध लेकर लखनऊ जा रहे कई दूधियों को रोककर टीम ने पड़ताल की। इससे अन्य दूधियों में हड़कंप मच गया और वे भाग निकले। इस कोशिश में कई दूधिए अपने भरे कैन तक छोड़ गए। टीम ने पड़ताल के दौरान चंदौली निवासी अमर यादव, बस्ती निवासी लवलेश द्विवेदी और टांईकला निवासी राम प्रताप से दूध का नमूना भरकर जांच के लिए भेजा है। अभिहीत अधिकारी डॉ. टीआर रावत ने बताया कि शासन के आदेश पर मिश्रित दूध की जांच के लिए शनिवार को अभियान चलाया गया। तीन दूधियों से दूध का नमूना भरकर जांच के लिए भेजा गया है। इस कार्रवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारी जय सिंह, अनिल पाल, ओमकार यादव, कमल कुमार, आरके सिंह आदि मौजूद रहे।
एक माह बाद शुरू हुई जांच
जिले में मिश्रित दूध के खिलाफ एफएसडीए ने करीब एक माह बाद अभियान चलाया है। एक माह पहले कुर्सी इलाके में अभियान के दौरान दूध के चार नमूने भरकर जांच के लिए भेजे गए थे। उनकी जांच रिपोर्ट अभी आनी है।