रामसनेहीघाट (बाराबंकी)। नगर पंचायत के भिटरिया स्थित एक लॉन में रविवार शाम जन प्रतिनिधि व विशिष्ट जन सम्मान समारोह हुआ। नए साल की पूर्व संध्या पर हुए इस कार्यक्रम में कवि सम्मेलन भी हुआ। जिसमें अनामिका अंबर समेत विभिन्न जिलों से आए कवियों ने कव्यपाठ किया।
मेरठ से आई अनामिका जैन अंबर ने सुनाया कि- जहां पर सच दया सम्मान और ईमान रहता है। वहीं जाकर के अल्लाह और भगवान रहता है। जिले के कवि दुष्यंत शुक्ल सिंहनादी ने वीर रस की कविता- मैं शहीद ऊधम हूं जिंदगी के थोड़े से बसंत देख पाया हूं...पढ़कर लोगों को उत्साह से भर दिया। बस्ती के शिवा त्रिपाठी ने... यह न समझो कि है बेनूर आईना, वह दिखाता है सच की डगर आईना, से वाहवाही लूटी तो शशि श्रेया ने- नफरतों ने तो यहां सरहदें उठाई है, प्रेम ही आदमी को आदमी बनाता है.. पढ़कर लोगों को ताली बजाने पर मजबूर किया।
वरिष्ठ कवि रामेश्वर प्रसाद द्विवेदी प्रलयंकर ने नए वर्ष के पूर्व दिवस पर काव्य सुमन की माला...गीत प्रस्तुत किया तो राम किशोर तिवारी किशोर ने- राम की छवि हृदय में उतारा करूं, रूप सुंदर सलोना निहारा करूं से लोगों को विभोर कर दिया। इटावा के राम भदावर वीर, जिले के कवि विकास बौखल ने भी रचनाएं पढ़ी। कार्यक्रम में 64 ग्राम प्रधान, 91 क्षेत्र पंचायत सदस्य, सात जिला पंचायत सदस्य, नगर पंचायत चेयरमैन, 14 सभासद व समाजसेवा से जुड़े 40 लोंगो को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का आयोजन समाज सेवा फाउंडेशन ट्रस्ट के चेयरमैन आशीष सिंह सिसोदिया ने किया गया। इस मौके पर हनुमानगढ़ी महंत बाबा बलराम दास, विधायक रविदास मेहरोत्रा, पूर्व सांसद रामसागर रावत, कवि हेमंत पांडेय, क्षेत्र पंचायत सदस्य शशी सिंह, इंद्रप्रताप सिंह, जगत बहादुर सिंह, दिवाकर कौशल मौजूद रहे।