स्वास्थ्य विभाग में 171 पदों पर संविदा पर कर्मियों की भर्ती के लिए हुए साक्षात्कार प्रक्रिया को डीएम ने बुधवार शाम निरस्त कर दिया। इन पदों के लिए करीब 5 हजार आवेदन आए थे। 23 से 31 जुलाई तक साक्षात्कार लिया गया था।
साक्षात्कार में मिली अव्यवस्थाओं की शिकायत मिलने के बाद डीएम की जांच मुख्य विकास अधिकारी को सौंपी थी। रिपोर्ट मिलने के बाद जिलाधिकारी ने सख्त कदम उठाया है। खासबात यह है इन पदों के लिए पहले भी दो बार पूरी भर्ती प्रक्रिया निरस्त की जा चुकी है।
स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाए जाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग में चिकित्सक से लेकर अन्य कर्मचारियों को संविदा पर रखने के लिए 171 पदाें के लिए आवेदन मांगे गए थे। इन पदों के लिए करीब 5 हजार के आसपास आवेदन आए थे।
इसके साक्षात्कार के लिए जिलाधिकारी अपनी निगरानी में एक कमेटी का गठन किया था। 23 से 31 जुलाई तक आवेदकों के साक्षात्कार हुए थे। लेकिन उसी समय से ही साक्षात्कार में अफरातफरी और अव्यवस्थाओं की शिकायत आ रही थी। एक आवेदक का साक्षात्कार एक से दो मिनट में निपटाया जा रहा था।
इन शिकायतों के बाद जिलाधिकारी अजय यादव ने इसकी जांच मुख्य विकास अधिकारी ऋषिरेंद्र कुमार को सौंपी थी। उनकी जांच रिपोर्ट मिलने के बाद जिलाधिकारी ने बुधवार शाम साक्षात्कार प्रक्रिया को निरस्त कर रिपोर्ट शासन को भेज दी। खास बात यह है कि इन पदों के लिए पहले भी गड़बड़ी के आरोप में दो बार पूरी भर्ती प्रक्रिया निरस्त की जा चुकी है।
साक्षात्कार की पूरी प्रक्रिया को निरस्त कर दिया गया। शासन को रिपोर्ट भेज दी गई है। कोशिश होगी पूरी प्रक्रिया न निरस्त हो। इन्ही आवेदकों का दोबारा साक्षात्कार हो। बाकी शासन का जैसा आदेश होगा पालन किया जाएगा। -अजय यादव, जिलाधिकारी