बाराबंकी जिला अस्पताल आयुष विंग के स्टॉक रूम से गायब हुए कम्यूटर।
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एनएचएम द्वारा जिला अस्पताल में एक ही छत के नीचे आयुर्वेदिक, यूनानी व होम्योपैथी चिकित्सा का लाभ मिले इसके लिए आयुष विंग का निर्माण कराया था। अत्याधुनिक इस आयूषविंग में प्रचार-प्रसार के लिए एलईडी, डीवीडी व लेखा-जोखा ऑनलाइन करने के लिए एक कंप्यूटर, यूपीएस व प्रिंटर की खरीद की गयी थी। भवन शुरू होने के बाद सारा सामान अस्पताल तक पहुंचा तो पर बाद में लगने के बजाए गायब हो गया।
जिला अस्पताल परिसर में 25 लाख रुपये की लागत से बने आयुष विंग में पांच लाख रुपये का फर्नीचर समेत कई उपकरण खरीदे गए थे। खरीदे गए कंप्यूटर, एलईडी, डीवीडी, व्हीलचेयर, मेज, अलमारी आदि सामान आयुर्वेदिक अस्पताल पहुंचा था।
आयुर्वेद इलाज के बारे में रोगियों को जागरूक किए जाने व मनोरंजन के लिए तीनों ओपीडी के सामने बने हॉल में एक बड़ी एलईडी व डीवीडी लगाया जाना था। वहीं अस्पताल का लेखा-जोखा ऑनलाइन करने के लिए कंप्यूटर, यूपीएस व प्रिंटर समेत लाखों रुपये का सामान अस्पताल में लगने के बजाए गायब हो चुका है।
इस संबंध में अस्पताल के सीएमएस डॉ. एसके सिंह से पूछा गया तो उनका पारा गरम हो गया कहा कि दवाओं की बात करो जो नहीं हैं, सीएमओ से कहकर मंगाओ, फिर पूछना की कुर्सी, मेज, कंप्यूटर व एलईडी कहां गई।
आयुर्वेदिक अस्पताल से सामान गायब होने की जानकारी नहीं है। पूरे प्रकरण की जांच कराई जाएगी। अगर गड़बड़ी मिली तो दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. रमेश चंद्र, सीएमओ