फतेहपुर। बाईपास और रेलवे ओवरब्रिज की दशकों पुरानी मांग अब पूरी होने की उम्मीद है। बसारा गांव में बुधवार को आयोजित समारोह में सड़क, बाईपास, रेलवे ओवरब्रिज और पुलों से जुड़ी करीब 660 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का शिलान्यास होगा। इसे लेकर मंगलवार को तैयारियां चलती रहीं।
क्षेत्रीय विधायक साकेंद्र प्रताप वर्मा ने बताया कि फतेहपुर की यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए इन परियोजनाओं को मंजूरी मिली है। उन्होंने जुलाई 2017 में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को पत्र भेजकर बाईपास और रेलवे ओवरब्रिज की मांग उठाई थी। तत्कालीन सांसद प्रियंका रावत ने भी इस पर सहमति जताई थी। केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद निर्माण प्रक्रिया आगे बढ़ रही है।
बसारा से मदनपुर तक 20 किलोमीटर लंबा फोरलेन बाईपास बनेगा। यह 16 गांवों से होकर गुजरेगा। इसके निर्माण पर करीब 332 करोड़ रुपये खर्च होंगे। किसानों को भूमि मुआवजे के लिए 222 करोड़, वन विभाग से संबंधित कार्यों के लिए 4.89 करोड़ और बिजली लाइनों की शिफ्टिंग के लिए 3.23 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
परियोजना में फतेहपुर बाईपास के साथ रेलवे ओवरब्रिज और कल्याणी नदी पर पुल भी शामिल हैं। इसके अलावा सिहाली, रामनगर, सूरतगंज और बेलहरा में पुल तथा बिशनपुर में बाईपास बनाया जाएगा। इनमें चार पुल दो लेन के होंगे। परियोजनाओं के पूरा होने से फतेहपुर कस्बे में वाहनों का दबाव कम होगा। साथ ही आवागमन सुगम होने और आसपास के गांवों की मुख्य मार्गों से कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है।