बाराबंकी। पूर्व मंत्री संग्राम सिंह वर्मा का सोमवार दोपहर लखनऊ के शेखर अस्पताल में निधन हो गया। वह 93 वर्ष के थे और लंबे समय से बीमार चल रहे थे। मंगलवार सुबह उनका पार्थिव शरीर लखनऊ के लक्ष्मणपुरी कॉलोनी में अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। इसके बाद पूर्वाह्न 11 बजे हरख ब्लॉक के पैतृक गांव जरमापुर में अंतिम संस्कार किया जाएगा।
संग्राम सिंह वर्मा परमेश्वर इंडस्ट्रीज लिमिटेड के मुखिया के रूप में एक सफल उद्योगपति भी रहे। उन्होंने राजनीति में प्रवेश किया और वर्ष 1996 में नरेश अग्रवाल की पार्टी लोकतांत्रिक कांग्रेस व भाजपा गठबंधन से सदर क्षेत्र से विधायक चुने गए। उस सरकार में उन्होंने कृषि राज्यमंत्री का पद संभाला था। वर्ष 2002 में उन्होंने सदर सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा लेकिन मात्र 26 वोटों से हार गए। वर्ष 2007 में वह बसपा के टिकट पर सदर से दोबारा विधायक बने। इस दौरान उन्होंने रेशम उद्योग एवं कृषि राज्यमंत्री के रूप में कार्य किया। वर्ष 2012 में एक बार फिर बसपा से ही चुनाव लड़े थे, हालांकि उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। वर्ष 2018 में वह परिवार समेत भाजपा में शामिल हो गए थे। इसके बाद वर्ष 2022 में वह सपा में शामिल होकर पार्टी को मजबूत करने में लगे थे।
शैक्षणिक और सामाजिक योगदान-
संग्राम सिंह के पीआरओ रहे दिनेश वैश्य के अनुसार, संग्राम सिंह वर्मा ने लखनऊ पॉलीटेक्निक से इंजीनियरिंग का डिप्लोमा भी किए थे। वह शहर के मुंशी रघुनंदन प्रसाद सरदार पटेल महिला महाविद्यालय के अध्यक्ष थे। इसके अतिरिक्त, वह राम सेवक यादव कॉलेज कासिमगंज देवा के भी अध्यक्ष रहे। उनका लखनऊ के निशातगंज स्थित न्यू हैदराबाद में आवास भी है।
उनके परिवार में उनकी पुत्री रश्मि उर्फ पिंकी हैं। उनके तीन भाई सुरेंद्र सिंह वर्मा, बृज किशोर और नंद किशोर भी हैं। सुरेंद्र सिंह वर्मा पूर्व प्रमुख रह चुके हैं और उनकी पत्नी शीला सिंह वर्तमान में नगर पालिका की अध्यक्ष हैं। निधन की खबर से जिले में शोक की लहर है। लोग खबर सुनकर लखनऊ के न्यू हैदराबाद स्थित आवास पर पहुंचे। शहर के लक्ष्मणपुरी कालोनी में भी लोग पहुंच रहे हैं।
जनप्रतिनिधियों ने जताई शोक संवेदना-
पूर्व मंत्री के निधन पर राज्यमंत्री सतीश चंद्र शर्मा, पूर्व मंत्री व सपा के राष्ट्रीय सचिव अरविंद कुमार सिंह गोप, पूर्व मंत्री राकेश कुमार वर्मा, सपा जिलाध्यक्ष हाफिज अयाज, सदर विधायक धर्मराज यादव, नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष रंजीत बहादुर श्रीवास्तव आदि ने शोक संवेदना जताई।