बाराबंकी। पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर शुक्रवार सुबह बिहार के गोपालगंज से दिल्ली जा रही डबल डेकर बस के टायर में अचानक आग लग गई। चलती बस के टायर से उठता धुआं देखते ही यात्रियों में हड़कंप मच गया। चालक की सूझबूझ से बड़ा हादसा बच गया, लेकिन टायर बदलने में चार घंटे से अधिक समय लगने के कारण करीब 65 यात्री भीषण गर्मी में भूख-प्यास से बेहाल होकर एक्सप्रेसवे पर फंसे रहे।
घटना सुबह करीब सात बजे कोतवाली क्षेत्र में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के किलोमीटर-30 पर रौनी अंडरपास के पास हुई। चलती बस के एक टायर में रगड़ के कारण पहले धुआं उठने लगा और देखते ही देखते उसमें आग लग गई। चालक ने स्थिति को भांपते हुए तुरंत बस रोक दी और पानी डालकर आग बुझा दी। इससे बस में अफरातफरी तो मची लेकिन बड़ा हादसा होने से बच गया।
बस के रुकते ही सभी यात्री सुरक्षित नीचे उतर आए। टायर बदलने की व्यवस्था होने तक यात्रियों को करीब चार घंटे तक एक्सप्रेसवे पर ही इंतजार करना पड़ा। इस दौरान वहां पेयजल और खाने-पीने की कोई व्यवस्था नहीं होने से लोग परेशान रहे। प्यास और भूख से व्याकुल कई यात्रियों ने कंटीले तारों की बैरिकेडिंग और झाड़ियों को पार कर रौनी बाजार पहुंचकर पानी, चाय और नाश्ता आदि खरीदा।
बस में सवार यात्रियों राजेश गिरि, रामनिहोर यादव, महेश और लालू ने बताया कि बस में क्षमता से अधिक करीब 65 यात्री सवार थे। अचानक हुई घटना के बाद सभी लोग चार घंटे तक खुले आसमान के नीचे परेशान होते रहे। घटना की जानकारी मिलने पर रौनी बाजार के नित्यानंद, अमिल पांडेय, शरीफ और जयदीप चौरसिया सहित स्थानीय लोगों ने यात्रियों की मदद की और उन्हें पानी व अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने में सहयोग किया।