रामनगर। डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (डीएसी) जारी होने के बावजूद उपभोक्ताओं को एलपीजी सिलिंडर न देने वाली गैस एजेंसी पर प्रशासन का शिकंजा कसा है। एसडीएम के निर्देश पर हुई जांच में कुम्हरवा स्थित श्री लोधेश्वर इंडियन गैस सर्विस के गोदाम में भारी गड़बड़ी पकड़ी गई। जांच के दौरान करीब 120 सिलिंडर आवंटित स्टॉक से कम मिले, जिनमें 21 कॉमर्शियल सिलिंडर भी शामिल थे। आपूर्ति विभाग ने एजेंसी संचालक मनीराम के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है।
मंगलवार को पूरे किंहौली निवासी माया देवी, बड़नपुर निवासी विद्युत और नामीपुर सिरौली निवासी मीना देवी समेत कई उपभोक्ताओं ने एसडीएम रामनगर आनंद तिवारी से शिकायत की थी कि डीएसी जनरेट होने के बाद भी एजेंसी संचालक गैस सिलिंडर नहीं दे रहा है। उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया कि एजेंसी पर बार-बार चक्कर लगाने के बाद भी उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ता है। इस पर एसडीएम ने सख्त रुख अपनाते हुए पूर्ति निरीक्षक अनुज सिंह को तत्काल जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए।
मौके पर पहुंची जांच पूर्ति विभाग की टीम ने जब गोदाम का सत्यापन किया तो वहां 78 भरे , 30 खाली और 21 कॉमर्शियल सिलिंडर निर्धारित स्टॉक से कम पाए गए। इसके अलावा अन्य श्रेणी के सिलिंडरों के वितरण में भी गड़बड़ी उजागर हुई। जांच में यह भी सामने आया कि डीएसी आने के बावजूद उपभोक्ताओं को समय से सिलिंडर नहीं दिए जा रहे थे। एजेंसी का कार्यालय अक्सर बंद रहता था और गैस वितरण भी तय तिथियों के अनुसार नहीं किया जा रहा था।