बाराबंकी। सूरतगंज क्षेत्र में एक सिविल सेवा अभ्यर्थी की संदिग्ध मौत के मामले में नया मोड़ आ गया है। पिता की शिकायत के बाद डीएम के आदेश पर प्रशासन ने दफनाए गए शव को निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
मोहम्मदपुर खाला थाना क्षेत्र के ऐनुद्दीनपुर अंदीपुर गांव निवासी होमगार्ड महेंद्र वर्मा ने डीएम शशांक त्रिपाठी को प्रार्थना पत्र देकर अपने इकलौते बेटे प्रियांशु वर्मा की मौत पर हत्या की आशंका जताई है। डीएम के निर्देश पर रविवार को प्रशासनिक टीम की मौजूदगी में दफन शव को निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
बताया जा रहा है कि प्रियांशु वर्मा प्रयागराज में रहकर सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रहे थे। होली के अवसर पर वह तीन मार्च की शाम अपने घर आए थे। इसी दौरान फतेहपुर थाना क्षेत्र के दशरथपुर गांव के पास एक हादसे में उनके घायल होने की सूचना मिली। गंभीर हालत में एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान प्रियांशु की मौत हो गई।
चार मार्च को होली के दिन बिना पोस्टमार्टम के ही परिवार ने शव को गांव में दफना दिया गया था। पिता महेंद्र वर्मा ने बेटे के सिर पर गहरी चोट के निशान की बात कहकर हत्या की आशंका जताई और डीएम से पोस्टमार्टम कराने की अनुमति मांगी। रामनगर तहसीलदार विपुल सिंह, फतेहपुर थाना प्रभारी अमित सिंह और मोहम्मदपुर खाला थाना प्रभारी आशुतोष मिश्रा की मौजूदगी में रविवार को शव को कब्र से निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।