बारिश नहीं होने से खोतों में धान के पौधे सूखने की कगार पर पहुंच गए थे। झमाझम बारिश से किसानों को काफी राहत मिली है। लेकिन कुछ क्षेत्रों में जरूरत भर का पानी नहीं बरसा।
जिले के रामनगर तहसील क्षेत्र में सबसे अधिक 150 मिमी बारिश हुई जबकि हैदरगढ़ क्षेत्र सूखा रहा। जनपद में औसत बारिश 63.17 मिमी दर्ज की गई।
बारिश होने से मौसम सुहाना हो रहा। लोगों ने उमस भरी गर्मी से राहत महसूस की। जनपद में अब तक 268.51 मिमी बारिश दर्ज की गई।
मौसम का मिजाज शुक्रवार सुबह से बदला रहा था। किसानों को बारिश होने की उम्मीद थी। शुक्रवार आधी रात के बाद तेज बारिश शुरू हुई। दो-तीन घंटे तक झमाझम बरसात हुई। इस पानी से खेत लबालब भर गए।
शनिवार सुबह खेत देख किसानों के चेहरे खिल उठे। बारिश ने उन्हें बड़ी राहत दी। क्योंकि ज्यादातर किसान धान की रोपाई करने के बाद एक पखवारे से पानी बरसने का इंतजार कर रहे थे।
जिले के कई क्षेत्रों में बारिश न होने से धान की फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई थी। ऐसे में बारिश से किसान बहुत खुश हैं। इसके साथ ही मौसम भी सुहाना हो गया। उमस व गर्मी से परेशान लोगों को थोड़ी राहत मिली है।