बाराबंकी। हैदरगढ़ के बेहटा गांव में रविवार शाम गांव के ही बुजुर्ग नारायण दुबे (65) की कुल्हाड़ी से हमला कर हत्या कर दी गई। उनका शव आबादी से करीब एक किमी दूर कच्चे रास्ते के पास पड़ा मिला। परिजनों ने सुबह हुए जमीन विवाद को लेकर परिवार के ही एक युवक पर हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार बेहटा गांव निवासी नारायण दुबे रविवार दोपहर करीब 1:30 बजे मवेशी चराने के लिए घर से निकले थे। शाम को ग्रामीणों ने उनका शव गांव के बाहर कच्चे रास्ते के पास पड़ा देखा। देखते ही देखते मौके पर भीड़ जुट गई और पुलिस पहुंची। शव के पास ही एक कुल्हाड़ी पड़ी मिली। नारायण के सिर पर गंभीर चोट के निशान थे।
नारायण दुबे के पुत्र की करीब पांच वर्ष पहले मौत हो चुकी है। वह अपनी बहू नीलू दुबे और पौत्र गगन दुबे के साथ रहते थे। बहू नीलू ने पुलिस को बताया कि सुबह करीब 10 बजे खेत की जमीन के विवाद को लेकर भजन दुबे का पुत्र अमन दुबे उनके ससुर से झगड़ा कर उन्हें मारने के लिए दौड़ा था। परिजनों ने आशंका जताई कि इसी विवाद के बाद शाम को नारायण की हत्या की गई।
सीओ समीर कुमार और हैदरगढ़ के एसएचओ अनिल कुमार पांडेय ने फोरेंसिक टीम के साथ घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। एसएचओ ने बताया कि प्रथमदृष्टया मामला हत्या का है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच की जा रही है। तहरीर का इंतजार है। तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
हत्या के बाद जांच करती पुलिस