सिरौलीगौसपुर (बाराबंकी)। जाम मुक्त ट्रैफिक संचालन के लिए जिलाधिकारी द्वारा दिया गया आदेश भी जिम्मेदारों के लिए कोई मायने नहीं रखता है। इसके चलते ही डीएम के निर्देश के बावजूद सड़क पर हो रही वाहनों की अवैध पार्किंग को नहीं हटाया जा रहा। व्यस्त सड़क पर वाहनों के बेतरतीब खड़े होने से राहगीरों को आए दिन जाम में फंसने की परेशानी से जूझना पड़ रहा है। इनमें अधिकांश वाहन चिकित्सकों व कर्मचारियों के होते हैं।
मामला सीएचसी सिरौली गौसपुर व संयुक्त चिकित्सालय (सौ बेड वाले अस्पताल) के मध्य आवागमन के लिए बने रास्ते से जुड़ा है। यहां पर चिकित्सक व कर्मचारी अपने सड़क पर ही अपने वाहनों की पार्किंग करते हैं। इससे आधी से ज्यादा सड़क के घिर जाने के कारण मरीजों से लेकर राहगीरों तक को आवागमन में काफी परेशानी उठाना पड़ती है। बीते मार्च माह में निरीक्षण के लिए आए डीएम शशांक त्रिपाठी ने इस परेशानी को गंभीरता से लेते हुए सड़क पर होने वाली वाहनों की पार्किंग को हटाने के निर्देश भी दिया था। तीन माह बीत जाने के बाद भी डीएम के आदेश का कोई अनुपालन न होने से क्षेत्रीय लोगों को आए दिन जाम की परेशानी से जूझना पड़ रहा है। सीएमओ डाॅ. अवधेश यादव ने बताया कि सड़क पर अस्पताल स्टॉफ के वाहन खड़े न हो इसके लिए अस्पताल परिसर में ही पार्किंग की जगह उपलब्ध करवाई जाएगी।