देवां-बाराबंकी मार्ग पर नवनिर्मित ओवरब्रिज पर आवागमन शुरू होने से क्षेत्र में खुशी का माहौल है। करीब डेढ़ वर्ष में बनकर तैयार हुए इस फ्लाईओवर के बनने से देवां सहित निंदूरा, फतेहपुर व सूरतगंज ब्लॉक के करीब 11 लाख लोगों की यात्रा सुगम हो जाएगी। देवां स्थित सूफी संत की मजार शरीफ पर देश-विदेश से आने वाले जायरीन का सफर अब घंटों के बजाए मिनटों में सिमट जाएगा। वहीं, युवाओं में ब्रिज पर पहली बार चढ़कर सेल्फी लेने का जबरदस्त क्रेज दिखा।
देवां-बाराबंकी मार्ग पर ओवर ब्रिज से गुरुवार को आवागमन शुरू होने के साथ ही क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई। लोगों की खुशी का आलम यह था कि उन्होंने इस ब्रिज पर चढ़कर सेल्फी ली। इस ब्रिज के चालू होने के बाद अब दैनिक यात्री, छात्र-छात्राएं आदि का घंटों का सफर मिनटों में सिमट जाएगा।
मजार शरीफ पर आने वाले जायरीन का सफर भी काफी तक आसान हो जाएगा। इस पुल से चार ब्लॉक देवां, निंदूरा, फतेहपुर व सूरतगंज के करीब 11 लाख लोगों को अब जिला मुख्यालय पर आने के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। समाजसेवी फिराकुल आजम वारसी ने कहा कि अभी तक बाराबंकी का सफर तय करने में डेढ़ से दो घंटे तक लग जाते थे, अब महज 15 मिनट ही लगेंगे।
एडवोकेट मो. इजहार ने कहा कि पुल के बनने से अब चारों ब्लॉक के मरीज आसानी से अस्पताल पहुंच सकेंगे। समाजसेवी शहजादे आलम वारसी ने कहा कि सूफी संत की मजार पर आने वाले जायरीन का सफर अब आसान होगा।
बाराबंकी-देवा मार्ग पर एनआर व एनईआर की दो रेलवे क्रॉसिंग पड़ती हैं। ओवरब्रिज बनने से पहले क्रॉसिंग के बंद होने से यहां जाम लगता था, जिससे लोगों को खासी परेशानी उठानी पड़ती थी। ओवरब्रिज निर्माण शुरू होने से लोगों को इस समस्या से निजात की उम्मीद जगी है। बृहस्पतिवार को जब ओवरब्रिज को आवागमन के लिए खोला गया तो लोगों के चेहरे खिल उठे। लोगों ने वाहन से ओवरब्रिज पर सफर का आनंद लिया।