कोटवाधाम (बाराबंकी)। सतनामी संप्रदाय का उद्गगम स्थल कोटवाधाम कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर नंगे पैर कदम-कदम पर लेटकर दंडवत करते हुए आ रहे आस्थावान भक्तों का केंद्र बन गया है। कई किमी दूर से श्रद्धालुओं के जत्थे बड़े बाबा की जयकार करते हुए संत जगजीवन दास की समाधि पर माथा टेक रहे हैं।
कोटवाधाम के भक्त प्रदेश के कई जिलों व अन्य प्रांतों तक ही नहीं, बल्कि नेपाल देश तक फैले हैं। रविवार की सुबह से ही भक्त लेट कर दंडवत करते हुए कोटवाधाम पहुंचते रहे। गोंडा जिले से करीब एक हजार भक्तों का जत्था शाम को पहुंचा। श्रद्धालु अपने महंत और धर्मशाला में रुक कर बाबा के भजन आराधना में जुट गए। मेले में खरीददारी हाे रही है। सोमवार को पूर्णिमा पर भारी भीड़ जुटने को लेकर प्रशासन ने भी कमर कस ली है।
सीसीटीवी कैमरों से निगरानी, खोया-पाया केंद्र शुरू
सीओ रामनगर हर्षित चौहान ने मेला क्षेत्र का निरीक्षण किया। सीओ ने अभरण सरोवर पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने को कहा तो प्रवेश द्वार पर लगी बैरिकेडिंग से वाहनों का प्रवेश नहीं होने के निर्देश दिए। मेले में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी होगी। खोया-पाया केंद्र शुरु कर दिया गया है। थानाध्यक्ष प्रफुल्ल कुमार ने बताया कि फायर ब्रिगेड के साथ पीएससी के जवानों को भी लगाया है।