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Barabanki News: ओपीडी में जुटी भीड़, इलाज के लिए जूझे मरीज

Tue, 22 Apr 2025 12:39 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
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बाराबंकी। मौसम के तीखे होते तेवर के साथ ही जिला अस्पताल की ओपीडी में सोमवार को मरीजों की भीड़ जुटने से व्यवस्थाएं बेपटरी हो गई। सुबह आठ बजे से पहले से जुटने वाली मरीजों की भीड़ को इलाज के लिए घंटों जूझना पड़ा। इसके चलते दोपहर दो बजे तक ओपीडी में पैर रखने तक की जगह नहीं मिली। इलाज के लिए पहुंचे बुजुर्गों से लेकर बच्चों व बुखार से तपते मरीजों को पर्चा बनवाने से लेकर दवा पाने व जांच कराने के लिए उमस भरी गर्मी में घंटों लाइन में खड़ा होकर पसीना बहाना पड़ा। पंखों की कमी और कूलरों में पानी न होने ने परेशानी को दो गुना बढ़ा दिया।
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सोमवार को ओपीडी में छह घंटे के दौरान 1850 से अधिक मरीज इलाज के लिए पहुंचे। इस दौरान दोनों फिजिशियन व बाल रोग विशेषज्ञ के साथ नेत्र, चर्म, सर्जरी, हड्डी व नाक कान गला की ओपीडी में मरीजों की सर्वाधिक भीड़ रही। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राजेश कुशवाहा ने सोमवार को ओपीडी में धक्का मुक्की के बीच 250 से अधिक मरीज देखे। अस्थि रोग के डॉक्टर की ओपीडी के दरवाजे के अंतर झांकना तक मुश्किल हो गया। भीड़ का आलम यह रहा कि पर्चा बनवाने से लेकर डॉक्टर को दिखाने, जांच और दवा लेने में एक-एक मरीज को करीब डेढ़ से दो घंटे तक मशक्कत करना पड़ी।
रामनगर के महादेवा से अपने पोते का इलाज कराने आई बुजुर्ग विमला देवी थककर आखिरकार फर्श पर बैठ गईं। बताया कि सुबह नौ बजे पहुंचीं मगर 12 बजे तक लाइन में ही खड़ी रहीं। एक्स-रे विभाग में तो भर्ती मरीज भी एक-एक घंटे तक इंतजार करते नजर आए। जिला अस्पताल का ट्रामा सेंटर में इमरजेंसी वार्ड फुल हो गया। गंभीर मरीलों को बेड नहीं मिल पा रहा है। इस कारण मरीजों का इलाज स्ट्रेचर और बेंच पर लिटाकर करना पड़ रहा है। सूरतगंज के हरबलपुर गांव की प्रीति को झटके आ रहे थे, उन्हें बेंच पर लिटा कर इलाज कराना पड़ा। रामनगर के भैंसुरिया गांव से आए पांच माह के डायरिया पीड़ित आर्यन गुप्ता को बेड न मिलने परमां की गोद में ड्रिप चढ़ाना पड़ी।
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कोटवासड़क। रामसनेहीघाट सीएचसी में सोमवार सुबह 8:50 बजे तक एक भी डॉक्टर मौजूद नहीं था। सीएचसी प्रभारी डॉ. अमरेश कुमार की कुर्सी भी खाली मिली। अस्पताल पहुंचे मरीज डॉक्टरों के इंतजार में भटकते रहे। चेतइ का पुरवा निवासी श्रीकृष्ण और सादुल्लापुर निवासी सोनू इलाज न मिल पाने से मायूस दिखे। प्रभारी ने खुद को अवकाश पर बताया, लेकिन बाकी स्टाफ की अनुपस्थिति पर कोई जवाब नहीं मिला।


टिकैतनगर। सीएचसी की स्थिति बेहद खराब है। सोमवार को ओपीडी में सिर्फ एक डॉक्टर ही मौजूद मिला। पता लगा कि नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. अनिल भारती महीनों से अस्पताल नहीं आए। एक्स-रे जैसी सुविधाएं अक्सर बंद रहती हैं। सीएचसी प्रभारी डॉ. विजय पटेल ने सभी सुविधाएं उपलब्ध होने का दावा तो किया लेकिन डॉक्टरों के अनुपस्थित होने पर जवाब देने से बचते नजर आए।
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