विकास खंड सूरतगंज के कस्बा सुढ़ियामऊ व नवीगंज के बीच बिलखिया माइनर में 10 फीट कटान होने से आस पास गांवों की करीब तीन सौ बीघा फसल जलमग्न हो गयी। शारदा सहायक डबल नहर से निकली यह माइनर एक किमी. पर पानी छोड़ने की रात हुई कटान ने विभाग की लापरवाही की पोल खोल रही है। सुबह सिंचाई करने गए कुछ ग्रामीणों ने देखा तो मामले की सूचना सिंचाई विभाग के कर्मचारी के साथ गांव वालों को दी।
ग्रामीणों ने आनन फानन नहर पर पहुंच रेगुलेटर से बंद कर दिया। दोपहर तक कोई कर्मचारी नहीं पहुंचा तो गांवों ने श्रमदान कर कटान की पटाई की। कटान से रमेश नाग, गोपाल, ठन्नू, सिंघू, बाबू, बंशी, पुत्तन, फकीर समेत कई किसानों की 300 बीघा मेंथा की फसल जलमग्न होने से बर्बाद हो गई। वहीं जहां पर कटान हुई है उसके आस पास के खेतों में काफी सिल्ट जमा होने से किसानों की धान की फसल की प्रभावित होगी। किसानों का कहना है कि खेतों मे ज्यादा पानी होने के बाद तेज धूप से फसल सूखने लगेगी। इस समय कई किसानों की मेंथा पेराई करने वाली थी। किसानों ने एसडीएम से शिकायत कर मुआवजे की मांग की जाएगी।
नहीं मिला मुआवजा तो होगा प्रदर्शन
सिंचाई विभाग की गलितों से हर बार किसान की फसल बिना आपदा के बर्बाद हो जाती हैं। किसानों को इसका मुआवजा दिलाना चाहिए। अगर लेखपाल से नुकसान का आंकलन कराकर मुआवजा नहीं दिलाया गया तो भाकियू किसानों के हक के लिए प्रदर्शन करेगी।
- मुकेश सिंह, प्रांतीय महासचिव भाकियू