पुराने स्टांपों पर बैक डेट में लिखापढ़ी करके गरीबों की भूमि हड़पने का भूमाफिया का रैकेट मुंबई तक फैला हुआ है। महाराष्ट्र पुलिस द्वारा पुराने स्टांप पर फर्जी ढंग से रजिस्ट्री करने के मामले में तहसील के स्टांप वेंडर को गिरफ्तार करने पर खुलासा हुआ है।
कोतवाली पुलिस को सूचना देने के साथ ही मुंबई पुलिस कस्बे से गिरफ्तार स्टांप वेंडर को अपने साथ लेकर गई है। मुंबई में हुए धोखाधड़ी के एक मामले में शुक्रवार को वहां की एक पुलिस टीम हैदरगढ़ पहुंची।
मुंबई पुलिस की टीम ने तहसील के स्टांप वेेंडर ओंकारेश्वर दीक्षित उर्फ मिंटू को गिरफ्तार कर कोतवाली पुलिस को सूचना दी और फिर आरोपी को साथ लेकर मुंबई रवाना हो गई। पुलिस टीम ने बताया कि धोखाधड़ी के मामले की छानबीन में स्टांप वेंडर का नाम सामने आया थ्ाा।
हैदरगढ़ कोतवाल चंद्रशेखर सिंह ने कहा, मुंबई में भूमाफियाओं द्वारा गरीबों की बस्ती की जमीन धोखाधड़ी से हड़पने के मामले में वहां की पुलिस टीम स्टांप वेंडर की तलाश में यहां आई थी।
उन्हाेंने कहा स्टांप वेंडर पुराने स्टांपों को जमा नहीं करके धोखाधड़ी में प्रयोग करते हैं तथा केमिकल का प्रयोग कर बरसों पहले की तिथि में लिखपढ़ी कर गरीबों की भूमि हड़प रहे हैं। क्षेत्र के स्टांप वेंडर को इसके लिए सौ रुपये का स्टांप भूमाफिया हजारों रुपये में बेचते हैं।