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Barabanki News: बजट व पद के बाद भी अटका दो नए थानों का निर्माण

Fri, 11 Apr 2025 12:01 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
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बाराबंकी। सूरतगंज व माती में नए पुलिस थानों का संचालन शुरू किए जाने की कवायद बीते तीन साल से चल रही है। दो साल पहले ही शासन ने नए थाना भवनों के निर्माण के लिए न केवल बजट राशि जारी कर दी थी वरन 34-34 पुलिसकर्मियों के पद भी सृजित कर दिए थे। इसके बावजूद कार्यदायी संस्था के जिम्मेदारों की लापरवाही कानून व्यवस्था को बेहतर बनाने में बाधक बनी है। दो साल बीत जाने के बाद भी इन दोनों थाना क्षेत्रों के लिए चिह्नित जमीन पर निर्माण के नाम पर एक ईंट तक नहीं लग सकी है।
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जिले में महिला व साइबर समेत मिलाकर 24 थाने हैं। आबादी व घटनाएं बढ़ने के साथ ही नए थानों की स्थापना की जरूरत भी करीब 10 साल पहले शुरू हुई थी। तीन साल पहले सर्वे के बाद रामनगर क्षेत्र के सूरतगंज व देवा की माती पुलिस चौकी को थाना बनाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली थी। मोहम्मदपुर व रामनगर के 86 गांव मिलाकर सूरतगंज जबकि शहर कोतवाली व देवा के 49 गांवों को मिलाकर माती थाने की स्थापना के लिए दो साल पहले 7.50-7.50 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हो चुका है।



शासन ने दोनों थाने के लिए एक-एक इंस्पेक्टर, दो सब इंस्पेक्टर, नौ मुख्य सिपाही, 15 सिपाही, दो कंप्यूटर ऑपरेटर, दो चालक, तीन चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के कुल 68 पद भी सृजित कर रखे हैं। एसपी दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि माती में थाने के भवन का निर्माण राजकीय निर्माण निगम व सूरतगंज में यूपी प्रोजेक्ट कॉरपोरेशन लिमिटेड से कराया जाना है। (संवाद)
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11 और जगहों पर थानों की है मांग

शहरी क्षेत्र में एक लाख आबादी पर तो देहात में 14 वर्ग किलोमीटर क्षेत्रफल पर एक थाना होना चाहिए। तीन साल पहले बंकी, त्रिलोकपुर, बुढ़वल, सिद्धौर, सआदतगंज, माती, हरख, केवाड़ी, सूरतगंज, हथौंदा और औधोगिक क्षेत्र उमरा के नाम से नए थानों का प्रस्ताव तैयार किया गया था। लेकिन माती व सूरतगंज में मंजूरी मिलने के बाद भी भवन निर्माण में बरती जा रही लापरवाही नए थानों की मांग पर ग्रहण लगा रही है।
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